मिशन बंगाल पर भाजपा का फोकस: नितिन नवीन के दौरे से चुनावी रणनीति को मिली धार
आस्था से शुरुआत, रणनीति तक विस्तार
कोलकाता पहुंचते ही नितिन नवीन ने दक्षिणेश्वर काली मंदिर में पूजा-अर्चना कर अपने दौरे की शुरुआत की। इस दौरान उन्होंने रामकृष्ण परमहंस और माँ शारदा देवी की आध्यात्मिक विरासत को नमन करते हुए समाज में समरसता और सेवा के मूल्यों को आगे बढ़ाने की बात कही।
संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने की कवायद
अपने दौरे के दौरान उन्होंने राज्य चुनाव प्रबंधन टीम, महिला, युवा, एससी-एसटी, ओबीसी मोर्चा समेत विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों के साथ कई अहम बैठकें कीं।
इन बैठकों में खास तौर पर:
• बूथ स्तर पर संगठन को मजबूत करना
• जनसंपर्क अभियान को तेज करना
• चुनावी रणनीति को धार देना
जैसे मुद्दों पर गहन मंथन हुआ।
‘कमल’ को बताया विकास और भरोसे का प्रतीक
कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए नितिन नवीन ने कहा कि भाजपा का चुनाव चिन्ह ‘कमल’ विकास, सुरक्षा और जनता के विश्वास का प्रतीक है। उन्होंने “राष्ट्र प्रथम, पार्टी द्वितीय, स्वयं अंतिम” के मूल मंत्र को दोहराते हुए कार्यकर्ताओं से पूरी निष्ठा के साथ मैदान में उतरने का आह्वान किया।
‘विकसित बंगाल’ का दिया विजन
दौरे के दौरान उन्होंने साफ संकेत दिए कि भाजपा पश्चिम बंगाल में बदलाव की जमीन तैयार कर रही है। उन्होंने कहा कि राज्य की जनता अब भय, भ्रष्टाचार और अस्थिरता से बाहर निकलकर विकास, सुशासन और रोजगार की ओर बढ़ना चाहती है।
साथ ही नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार की योजनाओं को जनता तक प्रभावी तरीके से पहुंचाने पर भी जोर दिया गया।
चुनावी अभियान को मिलेगी नई रफ्तार
नितिन नवीन का यह दौरा भाजपा कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा भरने के साथ-साथ पश्चिम बंगाल में पार्टी के चुनावी अभियान को नई दिशा देने वाला माना जा रहा है। स्पष्ट है कि आने वाले चुनावों को लेकर भाजपा अब पूरी ताकत के साथ मैदान में उतर चुकी है।