गैस सिलेंडर की कालाबाजारी पर बिहार सरकार सख्त, सभी जिलों को कड़ी निगरानी और कार्रवाई के निर्देश

 
Bihar News: घरेलू एलपीजी गैस सिलेंडर की कालाबाजारी और अवैध भंडारण को रोकने के लिए बिहार सरकार ने सख्त रुख अपनाया है। राज्य के विकास आयुक्त मिहिर कुमार सिंह ने सभी जिलों के जिला पदाधिकारियों और पुलिस अधीक्षकों के साथ समीक्षा बैठक कर सख्त निगरानी रखने का निर्देश दिया है।

बैठक में उन्होंने स्पष्ट कहा कि कहीं भी घरेलू गैस सिलेंडर की कालाबाजारी, अवैध भंडारण या अनधिकृत बिक्री की शिकायत मिलती है तो तुरंत कड़ी कार्रवाई की जाए। इस बैठक में पुलिस महानिदेशक विनय कुमार, गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव अरविंद कुमार चौधरी सहित कई वरिष्ठ अधिकारी और पेट्रोलियम कंपनियों के प्रतिनिधि भी मौजूद रहे।

गैस एजेंसियों और गोदामों की होगी जांच

गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव अरविंद कुमार चौधरी ने सभी जिलों में विशेष निगरानी अभियान चलाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि गैस एजेंसियों, गोदामों और वितरण प्रणाली की नियमित जांच की जाए। साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जाए कि घरेलू गैस सिलेंडर का इस्तेमाल व्यावसायिक कामों में न हो।

सोशल मीडिया पर भी रखी जाएगी नजर

डीजीपी विनय कुमार ने पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिया कि सोशल मीडिया पर फैलने वाली अफवाहों पर नजर रखें और कालाबाजारी करने वालों के खिलाफ तुरंत कार्रवाई करें। इसके साथ ही सभी जिलों में आम लोगों की शिकायतें सुनने के लिए कंट्रोल रूम स्थापित करने को कहा गया है, ताकि गैस आपूर्ति से जुड़ी समस्याओं का तुरंत समाधान हो सके।

गैस और ईंधन की सप्लाई सामान्य

बैठक में पेट्रोलियम कंपनियों के प्रतिनिधियों ने भी स्थिति स्पष्ट की। इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन के बिहार-झारखंड प्रमुख अनूप कुमार समांतराय ने कहा कि राज्य में घरेलू गैस सिलेंडरों की पर्याप्त उपलब्धता है और आपूर्ति व्यवस्था पूरी तरह सामान्य है। इसलिए उपभोक्ताओं को घबराने या गैस का अनावश्यक भंडारण करने की जरूरत नहीं है।

उन्होंने यह भी बताया कि फिलहाल कुछ तकनीकी कारणों से गैस डिलीवरी में इस्तेमाल होने वाली OTP व्यवस्था को अस्थायी रूप से स्थगित किया गया है। वहीं पेट्रोल, डीजल और PNG गैस की आपूर्ति भी सामान्य रूप से जारी है।

विकास आयुक्त मिहिर कुमार सिंह ने कहा कि सरकार उपभोक्ताओं के हितों की सुरक्षा के लिए पूरी तरह सतर्क है और जरूरत पड़ने पर आगे भी कड़े कदम उठाए जाएंगे, ताकि आम लोगों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।