बिहार के सरकारी अस्पतालों को मिली नई मजबूती: 119 डॉक्टरों की तैनाती, मरीजों को मिलेगा बेहतर इलाज
स्वास्थ्य विभाग की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार इन डॉक्टरों को अलग-अलग अस्पतालों में स्थानांतरित कर पदस्थापित किया गया है। इनमें सामान्य चिकित्सक, आयुष डॉक्टर और अन्य विशेषज्ञ श्रेणी के चिकित्सक भी शामिल हैं। विभाग का मानना है कि इस फैसले से खासकर उन अस्पतालों को राहत मिलेगी जहां लंबे समय से डॉक्टरों की कमी महसूस की जा रही थी।
मरीजों को समय पर मिलेगा इलाज
अधिकारियों के मुताबिक मौसम में बदलाव के साथ अस्पतालों में मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। ऐसे में अतिरिक्त डॉक्टरों की तैनाती से इलाज की प्रक्रिया और व्यवस्था बेहतर होगी। सरकार की कोशिश है कि शहरों के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों के अस्पतालों में भी मरीजों को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा उपलब्ध हो सके।
तुरंत योगदान देने का निर्देश
स्वास्थ्य विभाग ने सभी स्थानांतरित और पदस्थापित डॉक्टरों को निर्देश दिया है कि वे जल्द से जल्द अपने नए कार्यस्थल पर जाकर योगदान दें। इसके साथ ही अस्पतालों में सेवाएं सुचारु रूप से चलाने के लिए आवश्यक प्रशासनिक निर्देश भी जारी किए गए हैं।
सरकार का मानना है कि इस पहल से सरकारी अस्पतालों में इलाज की व्यवस्था और मजबूत होगी तथा लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लक्ष्य को नई गति मिलेगी।