बिहार ने बनाया नया वित्तीय इतिहास: पहली बार 60% के पार पहुंचा सीडी रेशियो, बैंकिंग सेक्टर में रिकॉर्ड वृद्धि
सोमवार को विकास आयुक्त Mihir Kumar Singh की अध्यक्षता में आयोजित राज्य स्तरीय बैंकिंग समीक्षा बैठक में बिहार में कार्यरत सरकारी, निजी और अन्य बैंकों के प्रदर्शन की विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक में ऋण वितरण, जमा राशि, कृषि एवं एमएसएमई क्षेत्रों में वित्तीय प्रवाह और बैंकिंग विस्तार को लेकर विस्तार से चर्चा हुई।
बैठक में प्रस्तुत आंकड़ों के अनुसार राज्य में कुल जमा राशि बढ़कर 6 लाख 15 हजार 428 करोड़ रुपये हो गई है, जबकि ऋण वितरण 3 लाख 70 हजार 563 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है। पिछले वित्तीय वर्ष की तुलना में जमा राशि में 51 हजार 983 करोड़ रुपये और ऋण वितरण में 37 हजार 882 करोड़ रुपये की उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है।
विकास आयुक्त ने कहा कि वर्ष 2018-19 में बिहार का सीडी रेशियो 44.09 प्रतिशत था, जो लगातार बढ़ते हुए अब 60.21 प्रतिशत तक पहुंच गया है। उन्होंने इसे राज्य सरकार, बैंकिंग संस्थानों और विभिन्न विभागों के संयुक्त प्रयासों का परिणाम बताया।
बैठक में कृषि, एमएसएमई, महिला सशक्तिकरण, स्वरोजगार, स्टार्टअप और ग्रामीण विकास क्षेत्रों में ऋण प्रवाह बढ़ाने पर विशेष जोर दिया गया। विकास आयुक्त ने सभी बैंकों को निर्देश दिया कि किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) योजना के तहत ऋण वितरण और नवीनीकरण प्रक्रिया को सरल और तेज बनाया जाए, ताकि किसानों को समय पर वित्तीय सहायता मिल सके।
उन्होंने जानकारी दी कि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के निर्देश पर 19 मई से “सहयोग शिविर” की शुरुआत की जाएगी। इसके तहत प्रत्येक 15 दिनों पर नियमित शिविर आयोजित होंगे, जहां किसानों और आम लोगों की बैंकिंग एवं केसीसी से जुड़ी समस्याओं का समाधान किया जाएगा।
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि किसान क्रेडिट कार्ड योजना को “जन समर्थ” पोर्टल से जोड़ा जाएगा, ताकि किसानों को डिजिटल माध्यम से पारदर्शी और त्वरित ऋण सुविधा उपलब्ध कराई जा सके।
बिहार में सबसे अधिक सीडी रेशियो वाले प्रमुख बैंक
• स्टेट को-ऑपरेटिव बैंक — 168.78%
• बंधन बैंक — 153.32%
• बैंक ऑफ महाराष्ट्र — 145.72%
• एचडीएफसी बैंक — 95.87%
• कोटक महिंद्रा बैंक — 95.57%
• आईसीआईसीआई बैंक — 82.37%
• एक्सिस बैंक — 77.16%
• बिहार ग्रामीण बैंक — 64.95%
• पंजाब एंड सिंध बैंक — 64.26%
• जम्मू एंड कश्मीर बैंक — 63.11%
बैठक में विभिन्न बैंकों के वरिष्ठ अधिकारी, राज्य स्तरीय बैंकर्स समिति के प्रतिनिधि और संबंधित विभागों के पदाधिकारी मौजूद रहे।