सहकारिता विभाग में डिजिटल दौर की शुरुआत: 38 जिलों के दफ्तर हुए ऑनलाइन, मंत्री प्रमोद कुमार ने किया ‘गो-लाइव’
Bihar news: बिहार सरकार के सहकारिता विभाग ने डिजिटल दिशा में बड़ा कदम उठाया है। माननीय सहकारिता मंत्री डॉ. प्रमोद कुमार ने सोमवार को विकास भवन स्थित अपने कार्यालय से निबंधक, सहयोग समितियाँ कार्यालय और राज्य के सभी 38 जिला सहकारिता पदाधिकारियों के कार्यालयों के कम्प्यूटरीकरण प्रोजेक्ट को औपचारिक रूप से “गो-लाइव” किया।
यह योजना केंद्र प्रायोजित कार्यक्रम “सूचना प्रौद्योगिकी के माध्यम से सहकारी समितियों का सुदृढ़ीकरण” के तहत लागू की गई है। इस परियोजना पर कुल ₹2.74 करोड़ से अधिक की लागत आई है। योजना के अंतर्गत हार्डवेयर की खरीद, सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट और क्लाउड इंफ्रास्ट्रक्चर की व्यवस्था की गई है।
मौके पर मंत्री डॉ. प्रमोद कुमार ने कहा कि सहकारिता विभाग के दफ्तरों का पूरी तरह से ऑनलाइन होना एक बड़ी उपलब्धि है। इससे विभागीय कामकाज में पारदर्शिता बढ़ेगी, काम तेजी से होंगे और जवाबदेही भी तय होगी। आम लोगों को सहकारी संस्थाओं से जुड़ी जानकारी और सेवाएं अब आसानी से मिल सकेंगी। उन्होंने इसे सहकारिता व्यवस्था को आधुनिक और जनहितकारी बनाने की दिशा में अहम कदम बताया।
इस योजना के तहत तैयार किए गए सॉफ्टवेयर में कई जरूरी सुविधाएं शामिल की गई हैं। इनमें सहकारी समितियों का निबंधन, उपविधियों में संशोधन, वार्षिक रिटर्न दाखिल करना, सदस्यता और अपील, विवादों का निपटारा, ऑडिट, रिकॉर्ड की जांच, परिसमापन, शिकायत दर्ज करना, चुनाव प्रक्रिया और परिसंपत्ति प्रबंधन जैसे मॉड्यूल शामिल हैं।
“गो-लाइव” होने के बाद ये सभी सेवाएं अब ऑनलाइन हो जाएंगी। इससे न सिर्फ समय की बचत होगी, बल्कि काम तय समय पर पूरे हो सकेंगे। अधिकारियों के अनुसार यह पहल “सहकार से समृद्धि” के लक्ष्य को हासिल करने में अहम भूमिका निभाएगी।
कार्यक्रम में निबंधक, सहयोग समितियाँ श्री रजनीश कुमार सिंह, संयुक्त निबंधक (योजना) श्री विकास रंजन प्रसाद, संयुक्त निबंधक (अंकेक्षण) श्री कामेश्वर ठाकुर, उप निबंधक श्री अमर झा सहित अन्य विभागीय अधिकारी भी मौजूद रहे।