डिग्री पर सीधी टक्कर: विधान परिषद में भिड़े अशोक चौधरी और सुनील सिंह, धान खरीद की बहस बनी आरोपों का अखाड़ा
मामले की शुरुआत तब हुई जब एक सदस्य ने सवाल उठाया कि पैक्स केंद्रों पर नमी का हवाला देकर किसानों का धान नहीं खरीदा जा रहा। बताया गया कि खरीद अवधि खत्म होने में कुछ ही दिन बचे हैं, जबकि बड़ी मात्रा में धान की खरीद अब भी बाकी है। इससे किसान खुले बाजार में कम दाम पर फसल बेचने को मजबूर हो रहे हैं।
सरकार की ओर से जवाब देते हुए मंत्री ने कहा कि केंद्र स्तर पर बातचीत चल रही है और खरीद की समय-सीमा बढ़ाने पर विचार हो रहा है। साथ ही यह भी आश्वासन दिया कि जहां भी गड़बड़ी की शिकायत मिलेगी, वहां कार्रवाई होगी। जवाब के दौरान की गई एक टिप्पणी पर विपक्षी सदस्य भड़क गए।
इसके बाद बहस व्यक्तिगत आरोपों तक पहुंच गई। सुनील सिंह ने कड़े शब्दों में प्रतिक्रिया दी और मंत्री की डिग्री पर सवाल उठाने की बात कही। जवाब में मंत्री ने भी चुनौती देते हुए कहा कि आरोप साबित किया जाए, वरना इस्तीफे के लिए तैयार रहें। दोनों ओर से तीखी बयानबाज़ी के बीच सदन में शोर बढ़ गया।
स्थिति बिगड़ती देख सभापति ने हस्तक्षेप किया और नियमों का हवाला देते हुए बिना प्रमाण व्यक्तिगत आरोप लगाने से बचने की नसीहत दी। बाद में मामला शांत कराया गया, लेकिन धान खरीद जैसे अहम मुद्दे से भटकी बहस पूरे दिन चर्चा का विषय बनी रही।