गया में Paperless Registration पर DM का बड़ा निर्देश, प्रचार-प्रसार और पारदर्शिता पर जोर

Gaya: जिले में पेपरलेस निबंधन व्यवस्था को और प्रभावी बनाने की दिशा में प्रशासन ने कदम तेज कर दिए हैं. डीएम ने निबंधन प्रक्रिया को सरल, पारदर्शी और सुविधाजनक बनाने के लिए अधिकारियों को जरूरी निर्देश दिए हैं. नई डिजिटल व्यवस्था में जमीन और संपत्ति के निबंधन की प्रक्रिया ऑनलाइन होगी, जिससे कागजी कार्रवाई और लोगों के अनावश्यक चक्कर कम होंगे.
 

धीरज सिन्हा की रिपोर्ट

Gaya: समाहरणालय सभागार में बुधवार को पेपरलेस निबंधन व्यवस्था को लेकर समीक्षा बैठक आयोजित की गई। जिला पदाधिकारी-सह-जिला निबंधक गया शशांक शुभंकर की अध्यक्षता में हुई बैठक में जिले में ई-निबंधन व्यवस्था के सफल और सुचारू संचालन को लेकर अधिकारियों को कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए गए। बैठक में जिला अवर निबंधक, गया, अवर निबंधक, शेरघाटी तथा अवर निबंधक, नीमचक बथानी-सह-टिकारी मौजूद रहे।

ई-निबंधन को लेकर व्यापक प्रचार-प्रसार के निर्देश

जिला पदाधिकारी ने ई-निबंधन व्यवस्था की प्रगति की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिया कि नई व्यवस्था के संबंध में आम नागरिकों को जागरूक करने के लिए व्यापक स्तर पर प्रचार-प्रसार किया जाए। उन्होंने कहा कि लोगों को ई-निबंधन की प्रक्रिया, सुविधाओं और इससे जुड़े जरूरी प्रावधानों की सही जानकारी उपलब्ध कराना जरूरी है।

निबंधन कार्यालयों में लगेगा स्पष्ट सूचना बोर्ड

डीएम ने सभी निबंधन कार्यालयों में प्रमुख और स्पष्ट स्थान पर बोर्ड लगाने का निर्देश दिया। बोर्ड के माध्यम से आम लोगों को निबंधन कार्य सुचारू रूप से संचालित होने की जानकारी दी जाएगी। इसका उद्देश्य नागरिकों को सही सूचना उपलब्ध कराना और निबंधन प्रक्रिया को लेकर किसी भी तरह की भ्रम की स्थिति को दूर करना है।

दुष्प्रचार और बाधा डालने वालों पर होगी कार्रवाई

जिला पदाधिकारी ने स्पष्ट किया कि ई-निबंधन व्यवस्था को लेकर दुष्प्रचार करने, अफवाह फैलाने या निबंधन कार्य में किसी भी प्रकार की बाधा उत्पन्न करने वाले लोगों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।

उन्होंने सभी निबंधन पदाधिकारियों को ई-निबंधन व्यवस्था को प्रभावी ढंग से लागू करने का निर्देश दिया। साथ ही आम नागरिकों को सरल, सुगम, पारदर्शी और निर्बाध निबंधन सुविधा उपलब्ध कराने को प्राथमिकता देने को कहा।

बैठक में अधिकारियों को नई व्यवस्था के संचालन में आने वाली संभावित समस्याओं पर नजर रखने और नागरिकों को आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराने के भी निर्देश दिए गए।