जनता दरबार से लेकर हाई-लेवल मीटिंग तक… एक्शन में CM सम्राट!- सीधे जनता से संवाद, विकास एजेंडे पर फोकस
मुख्यमंत्री बनने के महज दो दिन के भीतर ही जनता दरबार की शुरुआत कर सम्राट चौधरी ने साफ संकेत दे दिया था कि उनकी सरकार ‘डायरेक्ट कनेक्ट’ मॉडल पर काम कर रही है। इस पहल का उद्देश्य है—जनता की समस्याओं का मौके पर समाधान और प्रशासनिक जवाबदेही तय करना।
जनता दरबार के बाद मुख्यमंत्री विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक भी कर सकते हैं। इस दौरान लंबित योजनाओं, विकास कार्यों की प्रगति और आगामी रणनीतियों पर मंथन होगा। सीएम पहले ही स्पष्ट कर चुके हैं कि काम में लापरवाही किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
दिल्ली दौरे से लौटने के बाद मुख्यमंत्री लगातार एक्टिव मोड में नजर आ रहे हैं। उन्होंने हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात कर राज्य के विकास और निवेश से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की। इसके अलावा उन्होंने नीतीश कुमार, राधा मोहन सिंह और गिरिराज सिंह समेत कई वरिष्ठ नेताओं से भी मुलाकात की।
सूत्रों के मुताबिक, केंद्र सरकार ने बिहार में उद्योग और निवेश को बढ़ावा देने के लिए हर संभव सहयोग का भरोसा दिया है। ऐसे में आने वाले समय में राज्य में बड़े निवेश और औद्योगिक विकास को लेकर अहम फैसले देखने को मिल सकते हैं।