रावण वध कल... गांधी मैदान के रास्ते बंद, दोपहर 1 बजे से अंतिम व्यक्ति के निकल जाने तक मोर्चा संभालेंगे अधिकारी

महा अष्टमी के मौके पर रविवार को पूजा पंडालों में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। इस बीच, कोलकाता के पूजा पंडाल में भगदड़ की घटना के बाद पटना पुलिस अलर्ट है
 

महा अष्टमी के मौके पर रविवार को पूजा पंडालों में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। इस बीच, कोलकाता के पूजा पंडाल में भगदड़ की घटना के बाद पटना पुलिस अलर्ट है। भीड़ प्रबंधन को पुख्ता करने के लिए सुरक्षा व्यवस्था सख्त कर दी गई है। बड़े और अत्यधिक भीड़ वाले पंडालों में वॉच टावर बनाने के निर्देश दिए गए हैं, जहां से जवान भीड़ की गतिविधियों पर नजर रखेंगे। दबाव बढ़ते ही कंट्रोल रूम को सूचना देकर फौरन अतिरिक्त बल भेजा जाएगा।

आईजी जितेंद्र राणा ने बताया कि शहरभर में करीब 3000 जवानों की तैनाती की गई है। निगरानी के लिए 1600 से अधिक सीसीटीवी कैमरों के साथ ड्रोन की मदद ली जा रही है। शहर की सीमाओं और संवेदनशील इलाकों में 31 जगहों पर नाकेबंदी कर सघन चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने खुद प्रभारी डीजीपी प्रीता वर्मा डाकबंगला चौराहा स्थित पूजा पंडाल पहुंचीं। इसके बाद प्रभारी डीजीपी ने गांधी मैदान और आसपास के इलाकों का दौरा कर रावण वध कार्यक्रम की तैयारियों का जायजा लिया।

प्रशासन और पुलिस ने 20 अक्टूबर को होने वाले रावण वध और मूर्ति विसर्जन को लेकर व्यापक सुरक्षा और ट्रैफिक प्लान तैयार किया है। रावण वध को लेकर सुबह 11 बजे से कार्यक्रम समाप्त होने तक गांधी मैदान की ओर किसी भी वाहन को जाने की अनुमति नहीं होगी। गांधी मैदान के अंदर और चारों तरफ के वाहन और ठेला-खोमचा लगाने पर पूर्ण पाबंदी रहेगी।

गांधी मैदान को 4 सेक्टरों में बांटकर प्रत्येक में वरीय अधिकारी तैनात किए गए हैं। डीएम कुंदन कुमार और एसएसपी कार्तिकेय शर्मा ने निर्देश दिया कि सभी मजिस्ट्रेट और पुलिस अधिकारी दोपहर 1 बजे तक अपनी ड्यूटी पर तैनात हो जाएं और मैदान से अंतिम व्यक्ति के सुरक्षित निकलने तक वहां डटे रहें। मैदान में अस्थायी थाना और क्विक रिस्पांस टीम बनाई गई है। परिसर की निगरानी सीसीटीवी, वॉच टावर और ड्रोन कैमरों से होगी। प्रवेश द्वारों पर सघन जांच और स्कैनिंग के बाद ही प्रवेश मिलेगा।