पथ निर्माण मंत्री ने पुल परियोजनाओं की समीक्षा की, लंबित कार्य जल्द पूरा करने के निर्देश
Bihar News: बिहार में सड़क और पुल निर्माण परियोजनाओं को समय पर पूरा करने को लेकर पथ निर्माण मंत्री ई. कुमार शैलेन्द्र ने गुरुवार को बिहार राज्य पुल निर्माण निगम लिमिटेड (BRPNNL) की विभिन्न योजनाओं की समीक्षा की। समीक्षा बैठक में राज्य में चल रही 121 निर्माण योजनाओं की स्थिति पर चर्चा हुई, जबकि 15 प्रमुख फ्लैगशिप परियोजनाओं की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की गई।
मंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि सभी परियोजनाओं में गुणवत्ता से किसी तरह का समझौता किए बिना निर्धारित समयसीमा में काम पूरा कराया जाए। भू-अर्जन और वन भूमि से जुड़ी वजहों से अटकी योजनाओं को भी जल्द आगे बढ़ाने के निर्देश दिए गए।
सासाराम बाईपास के जल्द लोकार्पण का निर्देश
समीक्षा के दौरान सासाराम बाईपास को लेकर भी महत्वपूर्ण निर्देश दिया गया। अधिकारियों ने बताया कि इसका निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। मंत्री ने संबंधित अधिकारियों को इसके शीघ्र लोकार्पण की प्रक्रिया पूरी करने को कहा।
उन्होंने योजनाओं की प्रगति की नियमित समीक्षा पर जोर देते हुए कहा कि हर सप्ताह परियोजनाओं की स्थिति की समीक्षा की जाए, ताकि निर्माण कार्यों में अनावश्यक देरी न हो।
भागलपुर क्षेत्र में चार लेन पुल पर चर्चा
बैठक में भागलपुर क्षेत्र के एकचारी से सैदपुर के बीच चार लेन पुल के एलाइनमेंट और डीपीआर तैयार करने से जुड़े विषय पर भी विचार-विमर्श हुआ। इसके अलावा बेलहर से दर्दमारा तक एसएच-22 को चार लेन में विकसित करने की संभावनाओं पर चर्चा की गई।
सरकार के अनुसार, इन परियोजनाओं के पूरा होने से भागलपुर क्षेत्र में आवागमन बेहतर होने के साथ आर्थिक और औद्योगिक गतिविधियों को भी गति मिलने की उम्मीद है।
पंडुका सेतु को यूपी से जोड़ने की तैयारी
रोहतास में निर्माणाधीन पंडुका सेतु को उत्तर प्रदेश से बेहतर कनेक्टिविटी देने के मुद्दे पर भी बैठक में चर्चा हुई। अधिकारियों को इसके एलाइनमेंट को राष्ट्रीय राजमार्ग से जोड़ने की संभावनाओं पर आगे की कार्रवाई करने को कहा गया, ताकि बिहार से उत्तर प्रदेश की ओर आवागमन अधिक सुगम हो सके।
15 बड़ी परियोजनाओं पर विशेष नजर
समीक्षा में छपरा का गांधी चौक-नगरपालिका चौक डबल डेकर फ्लाईओवर, पटना का मीठापुर-चिरैयाटांड़ फ्लाईओवर कनेक्टिविटी, पूर्णिया में महानंदा नदी पर अभयपुर घाट पुल और सहरसा में कोसी नदी पर प्रस्तावित उच्चस्तरीय पुल समेत कई महत्वपूर्ण परियोजनाएं शामिल रहीं।
इसके अलावा सहरसा में बंगाली बाजार क्षेत्र का आरओबी, अगुवानी घाट-सुल्तानगंज गंगा पुल, राजगीर-बौद्ध सर्किट से जुड़ी सड़क, नालंदा के हिलसा बाईपास के आरओबी, मधुबनी में जयनगर-खजौली रेलखंड पर आरओबी और रिंग रोड परियोजनाओं की भी समीक्षा की गई।
रोहतास के सासाराम बाईपास और सोन नदी पर पंडुका के पास निर्माणाधीन पुल, बक्सर में जनेश्वर मिश्र सेतु की कनेक्टिविटी रोड तथा बेगूसराय में बरौनी-तेघड़ा के बीच प्रस्तावित आरओबी भी समीक्षा की प्रमुख परियोजनाओं में शामिल रहे।
कुआ पुल की मरम्मत जल्द शुरू करने का निर्देश
बैठक में भागलपुर जिले के कुआ पुल की स्थिति की भी समीक्षा की गई। मंत्री ने अधिकारियों को पुल की मरम्मत का काम जल्द शुरू कर उसे पूर्व की स्थिति में बहाल करने का निर्देश दिया। अधिकारियों ने भरोसा दिलाया कि मरम्मत कार्य शीघ्र पूरा कराया जाएगा।
गुणवत्ता और समयबद्धता पर मंत्री का जोर
मंत्री ई. कुमार शैलेन्द्र ने कहा कि पथ निर्माण विभाग की प्राथमिकता राज्य में मजबूत और बेहतर सड़क-पुल नेटवर्क तैयार करना है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि परियोजनाओं की जिलास्तर पर नियमित निगरानी की जाए और विभागीय समन्वय को और प्रभावी बनाया जाए।
उन्होंने कहा कि निर्माण कार्यों में गुणवत्ता, पारदर्शिता और समयबद्धता सुनिश्चित करना जरूरी है। सरकार का प्रयास है कि अधोसंरचना से जुड़ी परियोजनाएं जल्द पूरी हों, ताकि आम लोगों को बेहतर आवागमन की सुविधा मिल सके और राज्य के विभिन्न क्षेत्रों में विकास की रफ्तार और तेज हो।