पटना में छात्रों का उग्र आंदोलन: गांधी मैदान से सचिवालय तक प्रदर्शन, बेली रोड जाम; पुलिस के वाटर कैनन और लाठीचार्ज से बढ़ा तनाव

 

 

 

Patna: दिल्ली में चल रहे छात्र आंदोलन का असर बुधवार को राजधानी पटना में भी देखने को मिला। पेपर लीक, शिक्षा व्यवस्था में कथित अनियमितताओं और शिक्षा के निजीकरण के विरोध में शुरू हुआ छात्रों का प्रदर्शन धीरे-धीरे शहर के कई प्रमुख इलाकों तक फैल गया। गांधी मैदान से निकला आंदोलन जेपी गोलंबर, डाकबंगला चौराहा होते हुए सचिवालय के पास बेली रोड तक पहुंच गया। यहां प्रदर्शनकारियों ने सड़क पर बैठकर यातायात बाधित कर दिया, जिससे कई इलाकों में जाम की स्थिति बन गई।

ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) के आह्वान पर बड़ी संख्या में छात्र गांधी मैदान पहुंचे थे। छात्रों की योजना राजभवन तक मार्च निकालने की थी। प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए पुलिस ने जेपी गोलंबर के पास बैरिकेडिंग की, लेकिन छात्र आगे बढ़ने की कोशिश करते रहे। बैरिकेडिंग हटाने को लेकर पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच तनाव बढ़ गया।

हालात बिगड़ने पर पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए वाटर कैनन का इस्तेमाल किया। इसके बाद आंसू गैस के गोले छोड़े गए और लाठीचार्ज भी किया गया। पुलिस की कार्रवाई के दौरान कुछ छात्रों के घायल होने की जानकारी सामने आई है।

सचिवालय के पास बेली रोड पर भी प्रदर्शन, लगा लंबा जाम

दोपहर बाद प्रदर्शनकारी सचिवालय के पास बेली रोड पर पहुंच गए और सड़क पर प्रदर्शन शुरू कर दिया। सड़क जाम होने के कारण दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतार लग गई और राजधानी की यातायात व्यवस्था प्रभावित हुई। डाकबंगला चौराहे पर भी बड़ी संख्या में छात्र जुटे रहे।

स्थिति को सामान्य करने के लिए जिलाधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने छात्रों से बातचीत कर प्रदर्शन समाप्त करने और सड़क खाली करने की अपील की, लेकिन छात्र अपनी मांगों पर अड़े रहे। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने तालियां बजाकर भी अपना विरोध दर्ज कराया।

प्रदर्शनकारी पेपर लीक मामलों की जांच, शिक्षा व्यवस्था में सुधार, शिक्षा के निजीकरण पर रोक और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। छात्र संगठनों का कहना है कि उनका आंदोलन छात्रों के भविष्य और शिक्षा व्यवस्था से जुड़े गंभीर सवालों को लेकर है।

भाजपा विधायक को भी प्रदर्शनकारियों ने रोका

प्रदर्शन के दौरान उस समय भी स्थिति दिलचस्प हो गई, जब वहां से गुजर रहे एक भाजपा विधायक को प्रदर्शनकारियों ने आगे जाने से रोक दिया। बताया जा रहा है कि विरोध के चलते विधायक को अपना रास्ता बदलकर वापस लौटना पड़ा।

प्रदर्शन की कवरेज के दौरान पत्रकारों से धक्का-मुक्की का आरोप

वहीं, आंदोलन की कवरेज कर रहे कुछ पत्रकारों के साथ भी कथित तौर पर बदसलूकी और धक्का-मुक्की की घटना सामने आई है। आरोप है कि प्रदर्शन के दौरान कुछ पत्रकारों की हूटिंग की गई और एक पत्रकार के सिर में चोट लगी। घटना के बाद मौके पर कुछ समय के लिए तनाव की स्थिति बनी रही।

फिलहाल पटना के कई संवेदनशील इलाकों में पुलिस बल की तैनाती बढ़ा दी गई है। गांधी मैदान से शुरू हुआ यह छात्र आंदोलन अब राजधानी के प्रमुख हिस्सों तक पहुंच चुका है। प्रदर्शन, पुलिस कार्रवाई और यातायात बाधित होने के बाद पटना में छात्र संगठनों और प्रशासन के बीच टकराव की स्थिति और गंभीर होती नजर आ रही है।