गिरिडीह नगर निगम चुनाव को लेकर नामांकन शुरू, पानी की गंभीर समस्या से बुरी तरह परेशान है वार्ड 20 से 22 के लोग...

Giridih: वैसे पिछले कई वर्षों से यहां के लोगों को पानी की समस्या से दो चार होना पड़ता रहा है, लेकिन हालिया 12-14 महीने में परेशानी बढ़ी है. इसी तरह की स्थिति वार्ड 21 और 22 की है. वैसे यहां बता दें कि वार्ड बीस में चैताडीह वाटर ट्रीटमेंट प्लांट है और यहीं से पानी की आपूर्ति शहर के कई हिस्सों में होती है, लेकिन यहीं के लोग प्यासे हैं.
 

Giridih: पेयजल की समस्या अमूमन निगम के ज्यादातर वार्ड में हैं. कहीं सीसीएल से जलापूर्ति नहीं पहुंच रही, कहीं खंडोली का जल भी थक हार कर पहुंच रहा है. ऐसी ही समस्या का सामना निगम के 20 नंबर, 21 नंबर और 22 नंबर वार्ड के लोगों को करना पड़ रहा है. वार्ड 20 अंतर्गत 28 नंबर मुहल्ला के लोग तो काफी मुसीबत में हैं. यहां चापानल बेकार पड़ा हुआ है. कुआं है, जिसमें बाल्टी जाती है, लेकिन पानी नहीं निकलता. घरों तक जलापूर्ति का पाइप पहुंचा है लेकिन टोटी से पानी गिरता ही नहीं.

वैसे पिछले कई वर्षों से यहां के लोगों को पानी की समस्या से दो चार होना पड़ता रहा है, लेकिन हालिया 12-14 महीने में परेशानी बढ़ी है. इसी तरह की स्थिति वार्ड 21 और 22 की है. वैसे यहां बता दें कि वार्ड बीस में चैताडीह वाटर ट्रीटमेंट प्लांट है और यहीं से पानी की आपूर्ति शहर के कई हिस्सों में होती है, लेकिन यहीं के लोग प्यासे हैं.

गंदे पानी से स्नान, साफ जल के लिए दूसरे मुहल्ले का चक्कर

वार्ड नंबर 20 के 28 नंबर मुहल्ला के लोगों से बात की. यहां की जसवा देवी, तुलसी देवी, बदामी देवी, गुड़िया देवी ने अपनी तकलीफ बतायी. उन्होंने बताया कि पानी समस्या तो यहां रही है लेकिन पिछले एक वर्ष से दिक्कतें बढ़ती गई. लोगों को तालाब के गंदे पानी से स्नान करना पड़ता है, कपड़ा धोना पड़ता है. जबकि साफ जल के लिए कृष्णानगर जाना पड़ता है. इस समस्या के निदान के लिए वे लोग स्थानीय प्रतिनिधि से लेकर कई अधिकारियों से मिले. लेकिन समस्या में सुधार नहीं हुआ. कुछ माह पहले लोगों ने बर्तन लेकर नगर निगम के कार्यालय का घेराव भी किया, फिर भी स्थिति वही रही.

किसे दें वोट समझ में नहीं आता

इस मुहल्ले के लोगों में प्रतिनिधियों को लेकर भी गुस्सा साफ देखने को मिला. पहले लोगों ने कहा कि वोट नहीं करेंगे, हालांकि जब इन्हें समझाया गया कि मतदान ही तो अधिकार है जिससे विकास हो सकता है. इसके बाद लोगों ने कहा कि वे उन्हें ही चुनेंगे जो यहां की जल समस्या को दूर करेगा.

"मेरे वार्ड में पानी की समस्या है. वार्ड बीस के अलावा 21 और 22 में भी जल समस्या है. अपने वार्ड की समस्या का निदान करने का प्रयास मैंने लगातार किया. 28 नंबर मुहल्ला की समस्या के प्रति नगर प्रशासक का ध्यान दिलाया. आगे भी यहां की समस्या का हल निकालने का प्रयास निरंतर करता रहूंगा. इसके अलावा जनता के साथ मैं हमेशा खड़ा हूं." - रामचंद्र दास, वार्ड पार्षद, 20 नंबर वार्ड

वार्ड 21 में नाराजगी

पानी की समस्या का सामना वार्ड 21 के लोगों को भी करना पड़ता है. यहां पहले सीसीएल के द्वारा जलापूर्ति की जाती थी लेकिन अब इसमें लापरवाही बरती गई. स्थिति ऐसी हो गयी कि जिस चानक से पानी की आपूर्ति सीसीएल के मोटर-पंप से होता था, उन चानक में स्थानीय लोगों को अपने निजी खर्च से मोटर डालना पड़ा. उसके बाद कुछेक घरों तक पानी पहुंच रहा है. बाकी लोगों को पानी के लिए जद्दोजहद करनी पड़ रही है.

स्थानीय कोलेश्वर भुईयां बताते हैं कि यहां की समस्या को इस बात से ही आप समझ सकते हैं कि कुछेक मुहल्ले में प्रत्येक दिन पानी की टंकी एक राजनीतिक दल के कार्यकर्त्ता लाते हैं, जिससे लोगों को पानी मिलता है.