IAS विनय चौबे को बड़ी राहत, शराब घोटाला मामले में एसीबी कोर्ट से मिली सशर्त जमानत
Ranchi: शराब घोटाले के मामले में जेल में बंद आईएएस अधिकारी विनय चौबे को बड़ी राहत मिली है। रांची स्थित एसीबी (भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो) की विशेष अदालत ने सोमवार को उन्हें सशर्त जमानत (डिफॉल्ट बेल) दे दी। अदालत ने यह राहत बीएनएसएस की धारा 187(2) के तहत दी है, क्योंकि गिरफ्तारी के 90 दिन पूरे होने के बाद भी चार्जशीट दाखिल नहीं की जा सकी।
क्यों मिली जमानत?
दरअसल, 20 मई 2025 को एसीबी ने विनय चौबे को शराब घोटाले में गिरफ्तार कर जेल भेजा था। रविवार (18 अगस्त) को उनकी गिरफ्तारी को 91 दिन पूरे हो गए। कानून के मुताबिक, किसी भी आरोपी के जेल में रहते हुए जांच एजेंसी को 60 या 90 दिन के भीतर चार्जशीट दाखिल करनी होती है। लेकिन अब तक अभियोजन स्वीकृति का आदेश नहीं मिलने के कारण चार्जशीट दाखिल नहीं हो पाई। इसी आधार पर कोर्ट ने जमानत दी।
जमानत की शर्तें
कोर्ट ने साफ किया है कि विनय चौबे को कुछ शर्तों का पालन करना होगा:
• राज्य से बाहर जाने से पहले कोर्ट को सूचना देनी होगी।
• ट्रायल के दौरान वे अपना मोबाइल नंबर नहीं बदल सकते।
• केस की सुनवाई में सहयोग करना अनिवार्य होगा।
अदालत में पैरवी
विनय चौबे की ओर से अधिवक्ता देवेश आजमानी ने कोर्ट में बहस की। अदालत ने सभी दलीलों को सुनने के बाद नियमों के तहत यह राहत दी।
आपको बता दें कि शराब घोटाला मामले में एसीबी ने अब तक कई अधिकारियों और कारोबारियों पर कार्रवाई की है। विनय चौबे की गिरफ्तारी को उस वक्त बड़ी कार्रवाई माना गया था। हालांकि चार्जशीट दाखिल न हो पाने से अब उन्हें अस्थायी राहत जरूर मिल गई है, लेकिन केस की सुनवाई जारी रहेगी।