रामनवमी पर हेमंत सोरेन ने दिया सौहार्द का संदेश, पत्नी संग मंदिर दर्शन..लगाए जय श्रीराम के नारे...

Ranchi: मुख्यमंत्री ने रामभक्तों को रामनवमी की शुभकामना देते हुए कहा कि हमारे वीर हनुमान का जो ज्ञान और तपस्या है, निश्चित रूप से युगों-युगों तक हमारे दिलों में और वायुमंडल में बसा रहेगा. चारों तरफ खुशी और उत्साह का माहौल है, वे जुलूस के माध्यम से आज तपोवन भूमि में अलग-अलग जगहों से आनेवाले श्रद्धालुओं में दिखेगा. मुख्यमंत्री ने आज के दिन को यादगार बनाने का आह्वान करते हुए कहा कि इसे उत्साहवर्धक बनाना है.
 

Ranchi: रामनवमी के पावन अवसर पर हेमंत सोरेन अपनी पत्नी के साथ प्रसिद्ध तपोवन मंदिर पहुंचे. मंदिर परिसर में मुख्यमंत्री ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना की और इस दौरान जय श्रीराम के नारों से पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा.

मंदिर दर्शन और पूजा-अर्चना

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन सुबह पत्नी के साथ तपोवन मंदिर पहुंचे, जहां उन्होंने भगवान श्रीराम और हनुमान जी की पूजा की. पूजा के बाद उन्होंने राज्य की सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली की कामना की. मंदिर परिसर में मौजूद श्रद्धालुओं ने मुख्यमंत्री का स्वागत किया और उनके साथ जय श्रीराम के नारे लगाए.

भक्तिमय माहौल

रामनवमी के मौके पर तपोवन मंदिर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी हुई थी. ढोल-नगाड़ों, शंखध्वनि और धार्मिक जयकारों से पूरा इलाका गूंज रहा था. मुख्यमंत्री का मंदिर पहुंचना श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र बना रहा.

सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम

मुख्यमंत्री के दौरे को लेकर मंदिर परिसर और आसपास सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे. पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी पूरे समय मौके पर तैनात रहे, ताकि दर्शन के दौरान किसी तरह की अव्यवस्था न हो. रामनवमी के अवसर पर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का मंदिर दर्शन राजनीतिक और सामाजिक हलकों में भी चर्चा का विषय रहा. उनके द्वारा जय श्रीराम के नारे लगाए जाने को सांप्रदायिक सौहार्द और धार्मिक आस्था के सम्मान के रूप में देखा जा रहा है.

श्रद्धालुओं में खुशी

मुख्यमंत्री को अपने बीच पाकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखने को मिला. कई लोगों ने इसे रामनवमी के दिन एक शुभ संकेत बताया और राज्य में शांति व विकास की कामना की. रामनवमी पर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का तपोवन मंदिर पहुंचना न सिर्फ धार्मिक आस्था का प्रतीक रहा, बल्कि यह संदेश भी देता है कि पर्व-त्योहार समाज को जोड़ने और आपसी भाईचारे को मजबूत करने का अवसर होते हैं.