महिला कांग्रेस का बड़ा ऐलान, 21 जुलाई को संसद मार्च कर केंद्र सरकार से महिला आरक्षण कानून लागू करने की करेगी मांग
Jharkhand: अखिल भारतीय महिला कांग्रेस ने 21 जुलाई को राष्ट्रीय स्तर पर 'संसद चलो' आंदोलन का ऐलान किया है. संगठन का कहना है कि संसद से पारित महिला आरक्षण (नारी शक्ति वंदन) कानून को तत्काल लागू किया जाए, ताकि संसद और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण का लाभ मिल सके.
जंतर-मंतर से संसद तक होगा प्रदर्शन
महिला कांग्रेस के अनुसार, 21 जुलाई को नई दिल्ली के जंतर-मंतर से 'चलो संसद' अभियान के तहत बड़ी संख्या में महिला कार्यकर्ता जुटेंगी. आंदोलन का नेतृत्व महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय अध्यक्ष अलका लांबा करेंगी. संगठन ने देशभर की महिला कार्यकर्ताओं से इस अभियान में शामिल होने की अपील की है.
महिला आरक्षण लागू करने की मुख्य मांग
महिला कांग्रेस का कहना है कि संसद से महिला आरक्षण कानून पारित होने के बावजूद अब तक इसे लागू नहीं किया गया है. संगठन की मांग है कि आगामी चुनावों से पहले 33 प्रतिशत आरक्षण प्रभावी किया जाए, ताकि महिलाओं की राजनीतिक भागीदारी बढ़ सके. इसके साथ ही ओबीसी महिलाओं को भी आरक्षण का लाभ सुनिश्चित करने की मांग उठाई जाएगी.
देशभर में चल रहा जनसंपर्क अभियान
'संसद चलो' आंदोलन की तैयारी को लेकर कई राज्यों में बैठकें, पोस्टकार्ड अभियान और जनसंपर्क कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं. महिला कांग्रेस का दावा है कि 21 जुलाई को बड़ी संख्या में महिलाएं दिल्ली पहुंचकर अपनी मांग सरकार के सामने रखेंगी.
केंद्र सरकार पर साधा निशाना
महिला कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि महिला आरक्षण कानून को लागू करने में अनावश्यक देरी की जा रही है. संगठन का कहना है कि यदि सरकार महिलाओं को वास्तविक राजनीतिक प्रतिनिधित्व देना चाहती है, तो कानून को बिना किसी और विलंब के लागू करना चाहिए.