SIR ने झारखंड में कांग्रेस की टेंशन क्यों बढ़ाई, जीपीसीसी और BLA के तैनाती की क्यों है तैयारी

Jharkhand Desk: झारखंड कांग्रेस ने इसके लिए पहली बार ग्राम पंचायत स्तर पर संगठन को तैयार करने के उद्देश्य से 15 दिसंबर तक जीपीसीसी गठित करने के साथ-साथ हर बूथ पर बीएलए फार्म-2 भरकर बूथ लेवल एजेंट (बीएलए) नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू कर दी है.
 
Jharkhand Desk: झारखंड में मतदाता सूची का एसआईआर (विशेष गहन पुनरीक्षण) का काम शुरू नहीं हुआ है लेकिन ज्यादातर राजनीतिक दलों का नेतृत्व यह मान चुका है कि झारखंड में भी एसआइआर के लिए किसी भी समय निर्वाचन आयोग निर्देश दे सकता है. झारखंड में सत्ताधारी गठबंधन का दूसरा दल यानी कि कांग्रेस ने SIR को लेकर अपने स्तर पर तैयारियां शुरू भी कर दी है.

जीपीसीसी गठन के लिए संगठन प्रमुख की नियुक्ति

झारखंड कांग्रेस ने इसके लिए पहली बार ग्राम पंचायत स्तर पर संगठन को तैयार करने के उद्देश्य से 15 दिसंबर तक जीपीसीसी गठित करने के साथ-साथ हर बूथ पर बीएलए फार्म-2 भरकर बूथ लेवल एजेंट (बीएलए) नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू कर दी है. झारखंड कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने जीपीसीसी गठित करने के लिए राज्य स्तर पर जीपीसीसी संगठन प्रमुख की भी नियुक्ति की है.

प्रदेश स्तर पर बनने वाले जीपीसीसी के झारखंड सांगठनिक प्रभारी सूर्यकांत शुक्ला बताते हैं कि झारखंड में 15 दिसंबर तक सभी ग्राम पंचायत में जीपीसीसी गठित करने के साथ साथ हर बूथ पर कांग्रेस का एजेंट नियुक्त होगा. 

झारखंड जीपीसीसी के संगठन प्रमुख सूर्यकांत शुक्ला कहते हैं कि 15 दिसंबर तक सभी ग्राम पंचायत में जीपीसीसी के गठन के साथ-साथ बीएलए की नियुक्ति कर ली जाएगी. उन्होंने आगे बताया कि लोहरदगा, पाकुड़, गुमला, सिमेडगा में जीपीसीसी गठित कर ली गई है जबकि 10 जिलों में जीपीसीसी गठन की प्रक्रिया चल रही है. सूर्यकांत कहते हैं कि 10 जिलों में जीपीसीसी गठन की प्रक्रिया धीमी है और उसे तेज करने के प्रयास हो रहे हैं.

हर गांव में कांग्रेस कार्यकर्ता तैयार करने की योजना

कांग्रेस झारखंड में संगठन सृजन वर्ष में अपने संगठन को ग्रासरूट तक मजबूत कर रही है. हमारी कोशिश है कि झारखंड के हर वोटिंग बूथ पर पार्टी के निष्ठावान कार्यकर्ता की मौजूदगी होनी चाहिए. इसे पूरा करने में जीपीसीसी और बीएलए अपनी महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे: केशव महतो कमलेश, प्रदेश अध्यक्ष, कांग्रेस