क्या आज बदल जाएगा मौसम का मिजाज़, 9 और 10 मार्च को तेज हवा और वज्रपात का खतरा..आज से झारखंड में गरज के साथ बरस सकते हैं बादल
Jharkhand Weather Update: झारखंड के मौसम में फिलहाल उठा पटक जारी है. कभी न्यूनतम तापमान में 3 डिग्री की गिरावट तो कभी 4 डिग्री की बढ़ोतरी हो रही है. झारखंड के फिलहाल मौसम को समझना बड़ा ही मुश्किल हो गया है. पिछले 24 घंटे में न्यूनतम तापमान में भी 2-3 डिग्री की बढ़ोतरी देखने को मिली है. जहां एक और न्यूनतम तापमान 14 -15 डिग्री तक था. वहीं, अब सीधा 18-19 डिग्री तक देखा जा रहा है. आइये जानते हैं आज झारखंड के मौसम के बारे में.
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार दक्षिण-पूर्वी और पूर्वी जिलों में मेघ गर्जन के साथ हल्की बारिश हो सकती है. इसके साथ ही कुछ स्थानों पर तेज हवा चलने और वज्रपात की भी संभावना जताई गई है. मौसम विभाग ने स्थिति को देखते हुए नौ और दस मार्च के लिए येलो अलर्ट जारी किया है.
साइक्लोनिक सर्कुलेशन से बदलेगा मौसम
मौसम विज्ञान केंद्र से मिली जानकारी के अनुसार बंगाल की खाड़ी क्षेत्र में बने साइक्लोनिक सर्कुलेशन का असर झारखंड के मौसम पर पड़ रहा है. इसी वजह से राज्य के दक्षिण-पूर्वी और पूर्वी हिस्सों में बादल छाने और हल्की बारिश होने की संभावना है. आठ मार्च को रांची सहित पूर्वी जिलों में आंशिक बादल छाए रहने के साथ कहीं-कहीं हल्की बारिश हो सकती है. वहीं नौ मार्च को उत्तर-पूर्वी और मध्य झारखंड के कुछ इलाकों में भी मौसम का असर दिखाई देगा. दस मार्च को भी यही स्थिति बनी रहने की संभावना जताई गई है.
9 और 10 मार्च को तेज हवा और वज्रपात का खतरा
मौसम विभाग के मुताबिक नौ और दस मार्च को राज्य के कई हिस्सों में तेज हवा चल सकती है. इसके साथ ही कुछ स्थानों पर वज्रपात होने की भी आशंका है. इसको देखते हुए मौसम विभाग ने दोनों दिनों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है. विशेषज्ञों ने लोगों को खुले मैदान, पेड़ के नीचे या बिजली के खंभों के आसपास खड़े होने से बचने की सलाह दी है. किसानों और ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को भी सावधानी बरतने की अपील की गई है.
राजधानी रांची में भी बारिश का एक स्पेल संभव
राजधानी रांची में भी मौसम का मिजाज बदलने के संकेत मिल रहे हैं. मौसम विभाग के अनुसार शनिवार को दिनभर आसमान में आंशिक बादल छाए रह सकते हैं और शहर में हल्की बारिश का एक स्पेल देखने को मिल सकता है. रविवार को भी इसी तरह के हालात बने रहेंगे. हालांकि इस बारिश से तापमान में ज्यादा गिरावट की संभावना नहीं है. उल्टे अधिकतम और न्यूनतम दोनों तापमान में करीब दो डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी हो सकती है. यानी बारिश के बावजूद लोगों को गर्मी से बहुत ज्यादा राहत मिलने की उम्मीद नहीं है.
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार अगले 24 घंटों के दौरान राज्य के अधिकतम तापमान में किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है. इसके बाद अगले चार दिनों में तापमान में धीरे-धीरे तीन से चार डिग्री सेल्सियस तक की बढ़ोतरी हो सकती है. शुक्रवार को राज्य के कई जिलों में दिनभर आंशिक बादल छाए रहे. सरायकेला में अधिकतम तापमान 34.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो राज्य में सबसे अधिक रहा. वहीं सबसे कम न्यूनतम तापमान खूंटी में 14.5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया. राजधानी रांची में शुक्रवार को अधिकतम तापमान 31.8 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 16.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया.
रांची में शुक्रवार को दिन का तापमान 33.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो सामान्य से 0.4 डिग्री सेल्सियस कम रहा. वहीं रात का तापमान 18.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से करीब एक डिग्री ज्यादा रहा. हवा में नमी की अधिकतम मात्रा 39 प्रतिशत दर्ज की गई, जिससे दिन के समय हल्की उमस भी महसूस की गई.
कई जिलों में धीरे-धीरे बढ़ेगा तापमान
मौसम विभाग के पांच दिन के पूर्वानुमान के अनुसार राज्य के अधिकतर जिलों में अधिकतम तापमान धीरे-धीरे बढ़ेगा. देवघर, धनबाद, दुमका और जामताड़ा में अगले कुछ दिनों में तापमान 35 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है. इसी तरह गोड्डा और पाकुड़ में अधिकतम तापमान 36 डिग्री सेल्सियस तक रहने का अनुमान है. उत्तर-पश्चिमी झारखंड के चतरा, गढ़वा और पलामू जैसे जिलों में तापमान 38 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है. दक्षिणी झारखंड के पूर्वी सिंहभूम और सरायकेला-खरसावां में भी तापमान 37 से 38 डिग्री सेल्सियस तक रहने का अनुमान है.
मौसम का मिजाज लगातार बदल रहा
कुल मिलाकर झारखंड में इन दिनों मौसम का मिजाज लगातार बदल रहा है. कभी तेज धूप तो कभी बादल और हल्की बारिश की स्थिति बन रही है. मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में भी इसी तरह का उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है. विशेषज्ञों का कहना है कि प्री-समर सीजन में इस तरह के बदलाव सामान्य होते हैं. हालांकि तेज हवा और वज्रपात की संभावना को देखते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है.