AI शिखर सम्मेलन में हंगामे पर बीजेपी का हमला: “देश की छवि खराब करने की साजिश”
“अंतरराष्ट्रीय मंच पर देश की गरिमा को ठेस”
देबजीत सरकार ने आरोप लगाया कि एआई शिखर सम्मेलन जैसे वैश्विक कार्यक्रम के दौरान किया गया विरोध प्रदर्शन देश की छवि को नुकसान पहुंचाने वाला कदम है। उन्होंने दावा किया कि यह घटना सुनियोजित थी और इसका उद्देश्य अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत की साख को प्रभावित करना था।
सम्मेलन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ फ्रांस के राष्ट्रपति Emmanuel Macron समेत कई वैश्विक हस्तियां मौजूद थीं। कार्यक्रम में संयुक्त राष्ट्र महासचिव Antonio Guterres, गूगल के सीईओ Sundar Pichai, ओपनएआई के सीईओ Sam Altman, डीपमाइंड प्रमुख Demis Hassabis और एंथ्रोपिक के सीईओ Dario Amodei सहित तकनीकी जगत की कई प्रमुख हस्तियां शामिल थीं।
प्रदर्शन और गिरफ्तारी
बीजेपी प्रवक्ता के अनुसार, कुछ यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पहले से पंजीकरण कर सम्मेलन में प्रवेश किया और बाद में विरोध प्रदर्शन किया। पुलिस ने मौके पर हस्तक्षेप करते हुए संबंधित कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया।
बीजेपी ने इसे राजनीतिक स्टंट करार देते हुए कहा कि यह भाजपा बनाम कांग्रेस का मुद्दा नहीं, बल्कि “राष्ट्र की गरिमा” से जुड़ा विषय है।
कांग्रेस पर तीखा प्रहार
देबजीत सरकार ने कांग्रेस नेतृत्व पर भी निशाना साधते हुए कहा कि पार्टी अपनी राजनीतिक प्रासंगिकता खो चुकी है और मीडिया में बने रहने के लिए इस तरह के कदम उठा रही है। उन्होंने कहा कि देश की एकता और अखंडता सर्वोपरि है और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भारत की छवि को आंच नहीं आने दी जाएगी।
इस मुद्दे पर कांग्रेस की ओर से फिलहाल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है, लेकिन राजनीतिक गलियारों में इस घटना को लेकर बहस तेज हो गई है।