उड़ान योजना को झटका! 679 में से सिर्फ 348 हवाई रूट चालू, कई एयरपोर्ट पर थमी उड़ानें
UP News: देश में क्षेत्रीय हवाई संपर्क को मजबूत बनाने के उद्देश्य से शुरू की गई केंद्र सरकार की उड़ान (UDAN) योजना को कई राज्यों में अपेक्षित सफलता नहीं मिल पाई है। सरकार के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, योजना के तहत शुरू किए गए 679 हवाई मार्गों में से फिलहाल केवल 348 रूट ही नियमित रूप से संचालित हो रहे हैं, जबकि 165 रूट समय से पहले बंद करने पड़े। इसकी सबसे बड़ी वजह यात्रियों की कम संख्या और महंगे हवाई टिकट बताए जा रहे हैं।
उत्तर प्रदेश में भी इस योजना का असर साफ दिखाई दे रहा है। यहां कुशीनगर इंटरनेशनल एयरपोर्ट समेत छह हवाई अड्डों से फिलहाल उड़ान सेवाएं बंद हैं। वहीं, गाजियाबाद के हिंडन एयरपोर्ट और नोएडा के जेवर इंटरनेशनल एयरपोर्ट से भी उड़ानों की संख्या में कमी आई है।
सरकार के अनुसार, उत्तर प्रदेश में उड़ान योजना के तहत 18 हवाई अड्डों को शामिल किया गया था, लेकिन अब तक कुशीनगर, आजमगढ़, अलीगढ़, चित्रकूट, श्रावस्ती और मुरादाबाद से नियमित उड़ान सेवा शुरू नहीं हो सकी है। इनमें कुशीनगर एयरपोर्ट की स्थिति सबसे चिंताजनक मानी जा रही है, जहां पिछले साल और इस वर्ष अब तक कोई उड़ान संचालित नहीं हुई, जबकि इसके विस्तार पर 108.22 करोड़ रुपये खर्च किए जा चुके हैं।
क्यों बंद हो रहे हैं हवाई रूट?
विशेषज्ञों के अनुसार, छोटे शहरों के एयरपोर्ट पर यात्रियों की संख्या अपेक्षा से कम है। इसके अलावा कई स्थानों पर विमान ईंधन भरने की सुविधा उपलब्ध नहीं होने से एयरलाइंस की परिचालन लागत बढ़ जाती है। महंगे टिकट और एयरपोर्ट तक बेहतर सड़क व सार्वजनिक परिवहन कनेक्टिविटी का अभाव भी बड़ी चुनौती बना हुआ है।
उत्तर प्रदेश के अलावा उत्तराखंड में भी कई छोटे एयरपोर्टों पर उड़ान सेवाएं प्रभावित हुई हैं। पंतनगर एयरपोर्ट से अधिकांश उड़ानें बंद हैं, जबकि हिंडन एयरपोर्ट से प्रतिदिन उड़ानों की संख्या लगभग आधी रह गई है। वहीं, जेवर एयरपोर्ट से पहले जहां 17 शहरों के लिए उड़ानें प्रस्तावित थीं, अब यह संख्या घटकर 15 रह गई है और दैनिक उड़ानों में भी कमी आई है।
नई उड़ान योजना से उम्मीद
इन चुनौतियों के बीच केंद्र सरकार ने 4 जुलाई 2026 से संशोधित उड़ान योजना लागू की है। नई योजना का लक्ष्य अगले दस वर्षों में 120 नए अविकसित और कम सेवा वाले गंतव्यों को हवाई नेटवर्क से जोड़ना तथा 4 करोड़ यात्रियों को सस्ती हवाई यात्रा उपलब्ध कराना है। इसके लिए राज्यों की भागीदारी के साथ ‘चैलेंज मोड’ के आधार पर नए एयरपोर्ट विकसित किए जाएंगे।
मुरादाबाद से फिर शुरू होगी उड़ान सेवा
इस बीच मुरादाबाद के यात्रियों के लिए राहत की खबर भी है। मुरादाबाद-लखनऊ रूट का संचालन अब स्काईहॉप कंपनी करेगी। इसके साथ ही कंपनी मुरादाबाद को कानपुर, हिंडन, सहारनपुर और देहरादून से भी हवाई सेवा के जरिए जोड़ने की तैयारी कर रही है। इससे क्षेत्रीय हवाई संपर्क को नई मजबूती मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।