चुनाव आयोग से मिला CPI का प्रतिनिधिमंडल, डी. राजा ने रखी चुनावी सुधारों की बात

 

New Delhi: मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार, निर्वाचन आयुक्त डॉ. सुखबीर सिंह संधू और डॉ. विवेक जोशी ने आज नई दिल्ली स्थित निर्वाचन सदन में भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (CPI) के महासचिव डी. राजा के नेतृत्व वाले प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात की। इस दौरान आयोग ने पार्टी द्वारा दिए गए सुझावों को सुना और भरोसा दिलाया कि सभी बिंदुओं पर गंभीरता से विचार होगा।

यह बैठक उस पहल का हिस्सा है जिसके तहत निर्वाचन आयोग देशभर की राष्ट्रीय और राज्य स्तरीय राजनीतिक पार्टियों के साथ संवाद कर रहा है। आयोग का मानना है कि इन रचनात्मक चर्चाओं से न केवल चुनाव प्रक्रिया मजबूत होगी, बल्कि पारदर्शिता भी बढ़ेगी।

150 दिनों में 28 हजार से अधिक प्रतिनिधियों से संवाद

चुनाव आयोग के मुताबिक पिछले 150 दिनों में अब तक 4,719 सर्वदलीय बैठकें आयोजित की गईं। इनमें 40 बैठकें मुख्य निर्वाचन पदाधिकारियों (CEOs), 800 बैठकें जिला निर्वाचन पदाधिकारियों (DEOs) और 3,879 बैठकें निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण पदाधिकारियों (EROs) ने कीं। इन बैठकों के जरिए विभिन्न राजनीतिक दलों के करीब 28 हजार प्रतिनिधियों से सीधा संवाद हुआ।

किन-किन दलों से हो चुकी है बातचीत

अब तक कई राष्ट्रीय और राज्य स्तरीय पार्टियों के साथ संवाद हो चुका है।
    •    6 मई को बहुजन समाज पार्टी की अध्यक्ष मायावती ने आयोग से मुलाकात की।
    •    8 मई को भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल गया।
    •    10 मई को माकपा (CPI-M) महासचिव एम. ए. बेबी आयोग से मिले।
    •    इसके बाद क्रमशः अरविंद केजरीवाल (AAP), कॉनराड संगमा (NPP), चंद्रिमा भट्टाचार्य (AITC), रामगोपाल यादव (SP), असदुद्दीन ओवैसी (AIMIM), एन.आर. इलंगो (DMK), उदय सामंत (शिवसेना), अफाक अहमद खान (JDU), के.टी. रामाराव (BRS) समेत कई नेताओं ने चुनाव आयोग को अपने सुझाव दिए।

आयोग की मंशा

आयोग का कहना है कि इन बैठकों का उद्देश्य चुनावी ढांचे को और मजबूत करना है। इससे सभी हितधारकों के सुझावों को मौजूदा कानूनी ढांचे के भीतर शामिल करने का अवसर मिलेगा।