Durga Puja Controversy: मां दुर्गा की 11 भुजाओं पर बवाल! TMC ने शुभेंदु सरकार को घेरा

Kolkata: पश्चिम बंगाल सरकार के एक विज्ञापन में मां दुर्गा को 10 की जगह 11 भुजाओं के साथ दिखाए जाने को लेकर राजनीतिक विवाद शुरू हो गया है. TMC ने इसे बंगाली संस्कृति और धार्मिक परंपराओं का अपमान बताते हुए मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के नेतृत्व वाली BJP सरकार पर निशाना साधा है. 
 

Kolkata: पश्चिम बंगाल में आगामी दुर्गा पूजा की तैयारियों के बीच मां दुर्गा की प्रतिमा से जुड़े एक सरकारी विज्ञापन को लेकर राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया है। राज्य के सूचना एवं संस्कृति विभाग की ओर से अखबारों में प्रकाशित एक विज्ञापन में मां दुर्गा को पारंपरिक 10 भुजाओं के बजाय 11 भुजाओं के साथ दिखाए जाने पर तृणमूल कांग्रेस (TMC) ने राज्य की भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है।

वहीं, भाजपा की ओर से इसे तकनीकी या प्रिंटिंग संबंधी गलती बताया गया है। पार्टी ने कहा कि इस तरह की गलती को राजनीतिक विवाद का मुद्दा नहीं बनाया जाना चाहिए और इसे ठीक कर लिया जाना चाहिए।

उच्चस्तरीय समन्वय बैठक के लिए जारी हुआ था विज्ञापन

बताया गया है कि यह विज्ञापन कोलकाता में होने वाली एक उच्चस्तरीय समन्वय बैठक की जानकारी देने के लिए प्रकाशित किया गया था। बैठक में शहर की विभिन्न दुर्गा पूजा समितियों के साथ त्योहार की तैयारियों और व्यवस्थाओं को लेकर चर्चा होनी है।

मां दुर्गा और बंगाल की सांस्कृतिक परंपराओं को गलत तरीके से पेश किया जाना बेहद अपमानजनक है. दुर्गा पूजा सिर्फ एक त्योहार नहीं है. यह एक भावना और बंगाल की धड़कन है. मां का घर लौटना लाखों बंगालियों के लिए एक पवित्र अवसर है. फिर भी, जो सरकार बंगाल की बात करने का दावा करती है, वह बंगाली संस्कृति, परंपराओं और उन त्योहारों से लगातार दूर होती दिख रही है, जो बंगाल की पहचान हैं. -तृणमूल कांग्रेस

बैठक का उद्देश्य दुर्गा पूजा के दौरान सुरक्षा, यातायात, भीड़ प्रबंधन और अन्य व्यवस्थाओं को बेहतर तरीके से सुनिश्चित करना है। विज्ञापन में मां दुर्गा के चित्र के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी की तस्वीरें भी दिखाई गई हैं।

मां दुर्गा की 11 भुजाओं पर TMC ने जताई आपत्ति

विज्ञापन सामने आने के बाद तृणमूल कांग्रेस ने इसे बंगाल की धार्मिक और सांस्कृतिक परंपराओं से जोड़ते हुए सरकार पर निशाना साधा। पार्टी का कहना है कि बंगाल में मां दुर्गा का पारंपरिक स्वरूप दशभुजा यानी 10 भुजाओं वाला माना जाता है।

TMC ने आरोप लगाया कि सरकारी विज्ञापन में मां दुर्गा के स्वरूप को गलत तरीके से पेश किया गया है और यह बंगाल की धार्मिक भावनाओं तथा सांस्कृतिक परंपराओं के प्रति असंवेदनशीलता को दर्शाता है।

कुणाल घोष ने मुख्यमंत्री पर साधा निशाना

माननीय मुख्यमंत्री, सरकारी विज्ञापन में मां दुर्गा को ‘एकादश भुजा’ वाली के रूप में दिखाया गया है, जबकि पारंपरिक रूप से उन्हें ‘दस भुजा’ वाली के रूप में दर्शाया जाता है. शास्त्रों के अनुसार, एक हाथ कम किये जाने की जरूरत है. हम रोजाना अलग-अलग तरह की आचार-संहिता के बारे में सुनते हैं. अगर 2026 में मां (दुर्गा) की भुजाओं की संख्या बढ़ जाती है, तो मामला पेचीदा रूप ले सकता है. कृपया संबंधित विभाग को तुरंत निर्देश दें कि वह मां दुर्गा के मूल स्वरूप से छेड़छाड़ न करे. -कुणाल घोष, प्रवक्ता, तृणमूल कांग्रेस

तृणमूल कांग्रेस के प्रवक्ता कुणाल घोष ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर विज्ञापन की तस्वीर साझा करते हुए मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी पर कटाक्ष किया।

कुणाल घोष ने कहा कि सरकारी विज्ञापन में मां दुर्गा को ‘एकादश भुजा’ यानी 11 भुजाओं वाली दिखाया गया है, जबकि पारंपरिक रूप से मां दुर्गा को दशभुजा के रूप में दर्शाया जाता है। उन्होंने संबंधित विभाग को विज्ञापन में सुधार करने का निर्देश देने की मांग की।

.@SuvenduWB
মাননীয় মুখ্যমন্ত্রী, সরকারি বিজ্ঞাপনে মা দশভূজা তো একাদশভূজা হয়ে গিয়েছেন। শাস্ত্রমতে একটি হাত তো কমানো দরকার। নানা আচরণবিধি রোজ শুনছি। তার মধ্যে মায়ের হাত সংখ্যা 2026-এ এসে বেড়ে গেলে বিষয়টা জটিল হবে। অবিলম্বে সংশ্লিষ্ট দপ্তরকে বলুন মূল মাতৃপ্রতিমা বিকৃত না… pic.twitter.com/uQzRbmemF5

— Kunal Ghosh (@KunalGhoshAgain) September 7, 2026


कुणाल घोष ने यह भी सवाल उठाया कि अगर वर्ष 2026 में मां दुर्गा की भुजाओं की संख्या बदलकर 11 कर दी जाती है, तो यह गंभीर सांस्कृतिक और धार्मिक सवाल खड़ा करता है।

TMC ने कहा- दुर्गा पूजा बंगाल की पहचान

तृणमूल कांग्रेस ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल के जरिए भी इस मुद्दे को उठाया। पार्टी ने कहा कि दुर्गा पूजा महज एक त्योहार नहीं, बल्कि बंगाल की सांस्कृतिक पहचान और लोगों की भावनाओं से जुड़ा आयोजन है।

TMC ने भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि बंगाल की संस्कृति और परंपराओं की बात करने वाली सरकार ही राज्य की धार्मिक-सांस्कृतिक विरासत को सही तरीके से प्रस्तुत करने में विफल रही है।

So now, according to the @BJP4Bengal government, Maa Durga has 11 hands?

From their leaders to the Chief Minister, this repeated mishandling of Maa Durga and Bengal’s cultural traditions is deeply insulting!

Durga Puja is not just a festival, it is an emotion and the very… pic.twitter.com/HnnKdeOq7h

— All India Trinamool Congress (@AITCofficial) September 7, 2026

So now, according to the @BJP4Bengal government, Maa Durga has 11 hands?

From their leaders to the Chief Minister, this repeated mishandling of Maa Durga and Bengal’s cultural traditions is deeply insulting!

Durga Puja is not just a festival, it is an emotion and the very… pic.twitter.com/HnnKdeOq7h

— All India Trinamool Congress (@AITCofficial) September 7, 2026



भाजपा ने बताया तकनीकी या प्रिंटिंग की गलती

विवाद बढ़ने के बाद भाजपा की पश्चिम बंगाल इकाई के अध्यक्ष शमिक भट्टाचार्य ने इसे राजनीतिक मुद्दा नहीं बनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि विज्ञापन एजेंसी की ओर से तकनीकी या प्रिंटिंग संबंधी गलती हुई हो सकती है।

भाजपा नेता के मुताबिक, अगर विज्ञापन में मां दुर्गा की भुजाओं की संख्या को लेकर गलती हुई है तो उसे ठीक कर लिया जाना चाहिए। उन्होंने विपक्ष से इस मामले को राजनीतिक विवाद में बदलने के बजाय गलती को सुधारने पर ध्यान देने की बात कही।

दुर्गा पूजा से पहले राजनीतिक बयानबाजी तेज

पश्चिम बंगाल में दुर्गा पूजा को लेकर तैयारियां शुरू हो चुकी हैं और इसी बीच सरकारी विज्ञापन में मां दुर्गा के चित्र को लेकर विवाद ने राजनीतिक रंग ले लिया है। TMC जहां इसे बंगाल की संस्कृति और धार्मिक भावनाओं से जोड़कर भाजपा सरकार पर हमला कर रही है, वहीं भाजपा इसे विज्ञापन एजेंसी की गलती बता रही है।

अब इस विवाद के बीच नजर इस बात पर है कि संबंधित विभाग विज्ञापन में हुई कथित गलती को लेकर क्या आधिकारिक कदम उठाता है।