मोदी सरकार की बंगाल को बड़ी सौगात! उत्तर बंगाल से जंगलमहल तक सड़कें होंगी चकाचक, केंद्र ने दी ₹1,043 करोड़ की मंजूरी
Kolkata: पश्चिम बंगाल में सड़क कनेक्टिविटी को मजबूत करने के लिए केंद्र सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। 2026-27 वित्तीय वर्ष के लिए सेंट्रल रोड इंफ्रास्ट्रक्चर फंड (CRIF) के तहत राज्य में छह प्रमुख सड़क परियोजनाओं को मंजूरी दी गई है। इन परियोजनाओं पर कुल 1,042.62 करोड़ रुपये खर्च होंगे और करीब 194.10 किलोमीटर सड़क का चौड़ीकरण एवं मजबूतीकरण किया जाएगा।
उत्तर बंगाल से जंगलमहल तक बेहतर होगी कनेक्टिविटी
इन परियोजनाओं का उद्देश्य पश्चिम बंगाल के अलग-अलग हिस्सों में सड़क नेटवर्क को मजबूत करना है। प्रस्तावित कार्यों से उत्तर बंगाल, दक्षिण बंगाल और जंगलमहल क्षेत्र में सड़क कनेक्टिविटी बेहतर होने की उम्मीद है।
केंद्र की मंजूरी के बाद इन सड़कों की क्षमता बढ़ाने, यात्रा को सुरक्षित बनाने और आवागमन को सुगम करने पर जोर दिया जाएगा। केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने परियोजनाओं को मंजूरी दिए जाने की जानकारी साझा की थी।
यात्रा का समय और परिवहन लागत घटने की उम्मीद
सड़क परियोजनाओं के पूरा होने से लोगों और माल की आवाजाही आसान होने की उम्मीद है। बेहतर सड़क नेटवर्क से बाजारों, शैक्षणिक संस्थानों और स्वास्थ्य सुविधाओं तक पहुंच मजबूत होगी। साथ ही, प्रमुख मार्गों पर यात्रा का समय और परिवहन लागत कम करने में भी मदद मिल सकती है।
राज्य सरकार ने केंद्र को दिया धन्यवाद
पश्चिम बंगाल सरकार की ओर से इस मंजूरी के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी और सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) का आभार जताया गया है।
राज्य सरकार ने कहा कि लोक निर्माण विभाग (PWD) इन परियोजनाओं को बेहतर गुणवत्ता के साथ तेजी से लागू करने की दिशा में काम करेगा। सरकार के मुताबिक ग्रामीण और हाईवे कनेक्टिविटी को मजबूत करना उसकी प्राथमिकताओं में शामिल है।
सड़क इंफ्रास्ट्रक्चर को विश्वस्तरीय बनाने का लक्ष्य
सरकार का कहना है कि मजबूत सड़क नेटवर्क राज्य की आर्थिक गतिविधियों को गति देने में अहम भूमिका निभाएगा। बेहतर कनेक्टिविटी से ग्रामीण इलाकों को प्रमुख बाजारों और शहरी केंद्रों से जोड़ने में मदद मिलेगी।
पश्चिम बंगाल के बजट दस्तावेज में भी PWD को राज्य के बुनियादी ढांचे के विकास में महत्वपूर्ण विभाग बताया गया है और सड़क कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए विभिन्न परियोजनाओं पर काम का उल्लेख है।
नोट: उपलब्ध रिपोर्टों में छह परियोजनाओं की कुल लंबाई और लागत की जानकारी दी गई है, लेकिन सभी छह सड़कों के नाम और जिलेवार विवरण अभी सार्वजनिक रूप से स्पष्ट नहीं किए गए हैं।