उत्तर बंगाल को ₹19.78 करोड़ के पुल की सौगात! चाय श्रमिकों को 20% बोनस का ऐलान
West Bengal: करम पर्व के मौके पर मंगलवार को उत्तर बंगाल दौरे पर पहुंचे पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने जलपाईगुड़ी जिले के मेटेली क्षेत्र में मूर्ति नदी पर बने नए पुल का उद्घाटन किया। करीब 19.78 करोड़ रुपये की लागत से तैयार यह पुल लगभग 126 मीटर लंबा है और नागराकाटा, गरुमारा, चालसा और मेटेली क्षेत्र के बीच संपर्क को बेहतर करेगा।
प्रशासन के अनुसार, पुल के शुरू होने से आसपास के करीब 50 से 60 हजार लोगों को सीधे तौर पर आवाजाही में सुविधा मिलने की उम्मीद है। स्थानीय लोगों के साथ-साथ कृषि उत्पादों के परिवहन, व्यापारिक गतिविधियों और पर्यटन को भी इसका लाभ मिलने की संभावना है।
चाय श्रमिकों के लिए 330 करोड़ रुपये की योजना
उत्तर बंगाल दौरे के दौरान मुख्यमंत्री ने चाय बागान श्रमिकों को लेकर भी कई घोषणाएं कीं। उन्होंने बताया कि चाय श्रमिकों के कल्याण से जुड़ी केंद्र सरकार की योजना के लिए राज्य की ओर से भेजे गए करीब 330 करोड़ रुपये के प्रस्ताव को मंजूरी मिल गई है। यह सहायता बंद चाय बागानों के श्रमिकों समेत अन्य चाय श्रमिकों के कल्याण के लिए इस्तेमाल की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने बंद चाय बागानों को दोबारा खोलने की दिशा में कदम उठाने की बात कही। साथ ही आगामी त्योहारों के मौसम में चाय श्रमिकों को 20 प्रतिशत बोनस देने की बात भी कही गई है।
दो और पुलों का निर्माण जारी
मूर्ति नदी पर बने पुल के अलावा क्षेत्र में दो अन्य पुलों का निर्माण भी चल रहा है। मुख्यमंत्री ने पिछले वर्ष प्राकृतिक आपदा में क्षतिग्रस्त हुए कालीखोला पुल के पुनर्निर्माण को भी मंजूरी देने की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि इसका निर्माण कार्य जल्द शुरू किया जाएगा।
उत्तर बंगाल में सड़क और संपर्क व्यवस्था को मजबूत करने के लिए लोक निर्माण विभाग, जिला प्रशासन, पुलिस और अन्य संबंधित विभागों के समन्वय से परियोजनाओं को आगे बढ़ाने की बात भी कही गई।
पर्यटन और कारोबार को मिलेगी रफ्तार
नए पुल से गरुमारा और चालसा जैसे प्रमुख पर्यटन क्षेत्रों तक पहुंच आसान होने की उम्मीद है। बेहतर सड़क संपर्क से स्थानीय लोगों की आवाजाही के साथ पर्यटकों के आवागमन और स्थानीय व्यापार को भी सुविधा मिलने की संभावना है।
मुख्यमंत्री के उत्तर बंगाल दौरे में सड़क, रेल और पर्यटन ढांचे को मजबूत करने पर भी जोर दिया गया। कोचबिहार में पर्यटन सुविधाओं के विस्तार और बेहतर कनेक्टिविटी को लेकर भी उन्होंने योजनाओं का उल्लेख किया।
मूर्ति नदी पर पुल का उद्घाटन और चाय श्रमिकों से जुड़ी घोषणाएं उत्तर बंगाल में बुनियादी ढांचे तथा श्रमिक कल्याण से जुड़े प्रमुख मुद्दों के संदर्भ में सामने आई हैं।