प्रदर्शनकारियों का टीएमसी नेता के आवास पर हमला, AC तोड़े और जमकर किया पथराव

Kolkata: सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित करने की कोशिश की. पुलिस ने इलाके में अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात कर दिया है ताकि किसी तरह की और अप्रिय घटना न हो. अधिकारियों का कहना है कि पूरे मामले की जांच की जा रही है और उपद्रव में शामिल लोगों की पहचान कर कार्रवाई की जाएगी.
 

Kolkata: पश्चिम बंगाल में राजनीतिक तनाव के बीच एक टीएमसी नेता के घर के बाहर लोगों का गुस्सा फूट पड़ा. नाराज भीड़ ने नेता के आवास पर पथराव किया और घर के बाहर लगे एसी समेत कई सामानों को नुकसान पहुंचाया. घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बन गया और भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया.

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, स्थानीय लोगों और समर्थकों की भीड़ अचानक टीएमसी नेता के घर के बाहर जमा हो गई. देखते ही देखते नारेबाजी शुरू हुई और कुछ लोगों ने पत्थर फेंकने शुरू कर दिए. इस दौरान घर के बाहर लगे एसी, खिड़कियां और अन्य सामान क्षतिग्रस्त हो गए. घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है.

घटना की जानकारी मिलते ही जॉयपुर पुलिस थाने के अधिकारी और भारी पुलिस बल तुरंत मौके पर पहुंचे. पुलिस ने स्थिति को अपने कंट्रोल में लिया और मामले की जांच शुरू कर दी है. 

सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, गांव वालों की इस नाराजगी की मुख्य वजह स्थानीय स्तर पर चल रहा वित्तीय भ्रष्टाचार है. ग्रामीणों का आरोप है कि पंचायत प्रमुख तरुण दलुई ने सरकारी आवास योजना (हाउसिंग स्कीम) के तहत गरीबों के लिए आवंटित किए गए फंड का गबन किया है. इसके साथ ही, सरकारी योजनाओं से जुड़े 'जॉब कार्ड' की मजदूरी का पैसा भी लाभार्थियों तक नहीं पहुंचने दिया गया और उसे हड़प लिया गया. हक की कमाई और सरकारी मदद न मिलने से परेशान गांव वालों का धैर्य जवाब दे गया और उन्होंने सामूहिक रूप से प्रधान के घर का घेराव कर हमला कर दिया. 

इस पूरी घटना को लेकर हावड़ा ग्रामीण के पुलिस अधीक्षक सुबिरमल पाल ने फोन पर आधिकारिक पुष्टि की है. उन्होंने बताया कि 'जॉब कार्ड' और उससे जुड़े भुगतान को लेकर स्थानीय लोगों के बीच एक गंभीर विवाद खड़ा हो गया था. इसी विवाद के बढ़ने पर स्थानीय लोगों ने कानून अपने हाथ में लिया और पंचायत प्रमुख के आवास पर धावा बोल दिया. पुलिस अधीक्षक सुबिरमल पाल ने आगे कहा कि पुलिस ने मामले को गंभीरता से लिया है, इस हिंसा और तोड़फोड़ की घटना में शामिल दोषी लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई शुरू की जा रही है.