UP Panchayat Election 2026: वोटर लिस्ट में गड़बड़ियों पर प्रशासन सख्त, डीएम ने दिए जांच के आदेश

 

UP Panchayat Election 2026: उत्तर प्रदेश में पंचायत चुनाव 2026 की तैयारियों के बीच मतदाता सूची में सामने आई गड़बड़ियों ने प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। गोंडा जिले में अंतिम वोटर लिस्ट जारी होने के बाद बड़ी संख्या में शिकायतें मिलने पर जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन ने मामले का संज्ञान लेते हुए अधिकारियों को कड़े निर्देश जारी किए हैं।

डीएम ने सभी उपजिलाधिकारियों और तहसीलदारों को निर्देश दिया है कि मतदाता सूची से जुड़ी हर शिकायत का गंभीरता से निस्तारण किया जाए और किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट कहा कि पंचायत चुनाव के लिए पूरी तरह शुद्ध और त्रुटिरहित मतदाता सूची तैयार करना प्रशासन की प्राथमिकता है।

दरअसल, राज्य निर्वाचन आयोग ने 10 जून को त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के लिए अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन किया था। इसके बाद दोहरे नाम, मृत मतदाताओं के नाम, विवाह के बाद दूसरे स्थान पर रहने वाली महिलाओं के नाम और अन्य ग्राम पंचायतों के मतदाताओं के नाम सूची में शामिल होने की शिकायतें लगातार सामने आने लगीं।

प्रशासन ने नए मतदाताओं को जोड़ने और अपात्र नामों को हटाने के लिए निर्धारित प्रक्रिया का पालन करने का निर्देश दिया है। पात्र व्यक्तियों के नाम विधानसभा मतदाता सूची के आधार पर पंचायत वोटर लिस्ट में शामिल किए जाएंगे, जबकि दोहरे, मृत या स्थानांतरित मतदाताओं के नाम सुनवाई के बाद हटाए जाएंगे।

इस बीच राज्य निर्वाचन आयोग के आंकड़ों के अनुसार प्रदेश में पंचायत चुनाव के लिए कुल 12.58 करोड़ मतदाता पंजीकृत किए गए हैं। वर्ष 2021 की तुलना में इस बार मतदाताओं की संख्या में 29 लाख से अधिक की वृद्धि हुई है। आयोग ने पहली बार सभी मतदाताओं को स्टेट वोटर नंबर (SVN) जारी किया है, जबकि फर्जी मतदान रोकने के लिए फेस रिकग्निशन सिस्टम (FRS) का भी इस्तेमाल किया जाएगा।

मतदाता संख्या के लिहाज से जौनपुर प्रदेश में सबसे आगे है, जहां 36.97 लाख मतदाता हैं। वहीं गौतमबुद्धनगर में सबसे कम 2.09 लाख मतदाता दर्ज किए गए हैं। आयोग का दावा है कि तकनीक और सख्त निगरानी के जरिए इस बार पंचायत चुनाव को अधिक पारदर्शी और निष्पक्ष बनाया जाएगा।