राम मंदिर चढ़ावा मामले पर योगी का विपक्ष पर तीखा हमला, बोले- ‘सनातन और अयोध्या को बदनाम करने की हो रही साजिश’

 

UP News: उत्तर प्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या के श्रीराम जन्मभूमि मंदिर से जुड़े चढ़ावा प्रकरण को लेकर समाजवादी पार्टी और कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि विपक्ष तथ्यों को तोड़-मरोड़कर सनातन धर्म, अयोध्या धाम और श्रीराम जन्मभूमि मंदिर की छवि धूमिल करने की कोशिश कर रहा है।

मंगलवार को विधानसभा परिसर में पत्रकारों से बातचीत के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि जिस मामले को लेकर विपक्ष लगातार आरोप लगा रहा है, उसकी जांच पहले से ही जारी है और अब यह मामला सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में है। ऐसे में बिना तथ्यों के बयानबाजी करना उचित नहीं है।

‘किसी संत की संलिप्तता नहीं मिली’

मुख्यमंत्री ने बताया कि श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के अनुरोध पर राज्य सरकार ने एसआईटी का गठन किया था। जांच के दौरान कुछ लोगों की भूमिका सामने आई, लेकिन अब तक की जांच में किसी भी साधु-संत की संलिप्तता नहीं पाई गई है। उन्होंने कहा कि कुछ कर्मचारियों की कथित भूमिका मिलने के आधार पर पूरे मंदिर और संत समाज को कटघरे में खड़ा करना दुर्भाग्यपूर्ण है।

सदन में हंगामे पर विपक्ष को घेरा

योगी आदित्यनाथ ने विधानसभा में विपक्ष के व्यवहार पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि प्लेकार्ड लहराना, अध्यक्ष की व्यवस्था की अवहेलना करना और सदन की कार्यवाही बाधित करना लोकतांत्रिक परंपराओं के खिलाफ है। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष जनहित के मुद्दों पर चर्चा करने के बजाय केवल राजनीतिक माहौल खराब करने का प्रयास कर रहा है।

1990 की घटना का किया जिक्र

मुख्यमंत्री ने समाजवादी पार्टी पर हमला बोलते हुए कहा कि जिन लोगों ने अयोध्या में रामभक्तों पर गोलियां चलवाई थीं, वे आज आस्था की बात कर रहे हैं। वहीं कांग्रेस पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि रामसेतु मामले में अदालत में दाखिल हलफनामे के जरिए भगवान श्रीराम और श्रीकृष्ण के अस्तित्व पर सवाल उठाए गए थे। ऐसे दलों को आस्था पर राजनीति करने का नैतिक अधिकार नहीं है।

‘संतों पर आरोप, सनातन का अपमान’

योगी ने कहा कि श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में प्रतिदिन हजारों श्रद्धालुओं की सेवा में सैकड़ों कर्मचारी जुटे रहते हैं। कुछ लोगों की कथित गलती के आधार पर पूरे संत समाज और सनातन पर सवाल उठाना करोड़ों श्रद्धालुओं की भावनाओं को ठेस पहुंचाने जैसा है।

‘यूपी की छवि खराब करने की कोशिश’

मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि विपक्ष प्रदेश की सकारात्मक छवि और धार्मिक पर्यटन को नुकसान पहुंचाने की राजनीति कर रहा है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार कानून के अनुसार कार्रवाई कर रही है और दोषी पाए जाने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। साथ ही उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार आस्था, कानून और पारदर्शिता—तीनों के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध है।