Bihar news: समृद्धि यात्रा से पहले महाराणा प्रताप को नमन, सीएम नीतीश ने दिया सामाजिक एकता का संदेश
Bihar political news: बिहार की राजनीति में इन दिनों विकास और विरासत का अनोखा मेल देखने को मिल रहा है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार समृद्धि यात्रा पर निकले हैं, लेकिन यात्रा के तीसरे दिन सीतामढ़ी और शिवहर रवाना होने से पहले उन्होंने एक खास सांस्कृतिक और राजनीतिक ठहराव किया।
सीएम नीतीश बिहार विधान परिषद के सदस्य संजय सिंह के आवास पहुंचे, जहां महाराणा प्रताप स्मृति समारोह का आयोजन किया गया था। 22 स्ट्रैंड रोड स्थित सरकारी आवास पर आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री का गर्मजोशी से स्वागत हुआ। उन्होंने मंच से हाथ हिलाकर लोगों का अभिवादन किया और मौजूद जनसमूह को शुभकामनाएं दीं। नीतीश कुमार करीब दस मिनट तक समारोह स्थल पर रुके, लेकिन इस छोटे से समय में उन्होंने बड़ा संदेश दे दिया।
मुख्यमंत्री के साथ कई मंत्री और जदयू के वरीय नेता मौजूद रहे, जिससे कार्यक्रम को सियासी अहमियत भी मिली। महाराणा प्रताप की पुण्यतिथि पर आयोजित इस समारोह का उद्घाटन स्वयं सीएम नीतीश ने किया। आयोजन समिति के अध्यक्ष और विधान परिषद सदस्य संजय सिंह पिछले कई वर्षों से अलग-अलग स्थानों पर यह आयोजन करते आ रहे हैं। इस बार इसे सरकारी आवास पर आयोजित किया जाना राजनीतिक संकेत के तौर पर भी देखा जा रहा है।
इस मौके पर बि.रा. नागरिक परिषद के महासचिव छोटू सिंह ने कहा कि महाराणा प्रताप भेदभाव की राजनीति में विश्वास नहीं करते थे। उनकी सेना में भील, आदिवासी, अल्पसंख्यक और वैश्य जैसे सभी वर्गों के लोग शामिल थे। वे सिर्फ एक योद्धा नहीं, बल्कि स्वाभिमान और समानता के प्रतीक थे।
कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में जदयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बशिष्ठ नारायण सिंह, मंत्री विजय चौधरी, प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा, मंत्री अशोक चौधरी, श्रवण कुमार, लेसी सिंह, रामकृपाल यादव समेत कई दिग्गज नेता मौजूद रहे। विधान परिषद के उप नेता ललन सराफ की मौजूदगी ने भी आयोजन को मजबूती दी।
साफ है कि समृद्धि यात्रा से पहले महाराणा प्रताप को नमन कर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने यह संदेश दिया कि बिहार की राजनीति में विकास के साथ-साथ इतिहास, सम्मान और सामाजिक एकता भी उतनी ही अहम है।