विधान परिषद में HAM की दावेदारी, जीतन राम मांझी बोले- एक सीट मिली तो NDA और होगा मजबूत
मांझी ने कहा कि उनकी पार्टी लंबे समय से विधान परिषद में एक सीट की मांग करती रही है और आज भी अपने रुख पर कायम है। उन्होंने कहा कि यदि HAM को एक सीट मिलती है तो एनडीए के भीतर समन्वय और बेहतर होगा तथा गठबंधन और अधिक मजबूत बनेगा। उन्होंने दोहराया कि उनकी पार्टी हमेशा एनडीए के साथ मजबूती से खड़ी रही है और आगे भी गठबंधन धर्म का पूरी तरह पालन करती रहेगी।
विधान परिषद चुनाव को लेकर अपनी बात रखते हुए मांझी ने कहा कि गठबंधन में शामिल सभी दलों को सम्मानजनक भागीदारी मिलनी चाहिए। उन्होंने विश्वास जताया कि भाजपा नेतृत्व उनकी मांग पर सकारात्मक विचार करेगा।
इस दौरान केंद्रीय मंत्री ने बिहार की कानून-व्यवस्था और विपक्ष के आरोपों पर भी तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने राष्ट्रीय जनता दल (RJD) पर निशाना साधते हुए कहा कि अपराध के मुद्दे पर विपक्ष का हमला राजनीतिक है। मांझी ने दावा किया कि राज्य में अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है और सरकार कानून व्यवस्था को लेकर पूरी तरह गंभीर है।
तेजस्वी यादव के बयानों पर पलटवार करते हुए मांझी ने कहा कि बिहार की जनता पिछले शासनकाल और वर्तमान व्यवस्था के बीच का अंतर अच्छी तरह समझती है। उन्होंने कहा कि मौजूदा सरकार अपराधियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की नीति पर काम कर रही है और कानून तोड़ने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
गौरतलब है कि भारत निर्वाचन आयोग ने बिहार विधान परिषद की 9 रिक्त सीटों पर द्विवार्षिक चुनाव और 1 सीट पर उपचुनाव की घोषणा कर दी है। चुनाव कार्यक्रम के अनुसार 8 जून तक नामांकन, 11 जून तक नाम वापसी और 18 जून को मतदान होगा। यदि मतदान की आवश्यकता पड़ती है तो उसी दिन शाम 5 बजे मतगणना कर परिणाम घोषित कर दिए जाएंगे।
विधान परिषद चुनाव की घोषणा के साथ ही एनडीए और महागठबंधन के भीतर सीटों को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। ऐसे में जीतन राम मांझी की एक सीट की मांग आने वाले दिनों में बिहार की सियासत में नई चर्चा को जन्म दे सकती है।