Political news: नीट छात्रा हत्याकांड पर सियासी संग्राम-तेजस्वी बनाम रूडी, पुलिस निलंबन के बीच भड़की बयानबाज़ी
Bihar news: राजधानी पटना में नीट की तैयारी कर रही छात्रा की हत्या का मामला अब सिर्फ पुलिस जांच तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इस पर सियासत भी तेज हो गई है। विपक्ष लगातार सरकार पर सवाल उठा रहा है, वहीं सत्ता पक्ष विपक्ष को ही घेरने में लगा है। इस बीच पुलिस की लापरवाही भी सामने आई है। लंबी लीपापोती के बाद आखिरकार कदमकुआं के अपर थानाध्यक्ष हेमंत झा और चित्रगुप्तनगर की थानाध्यक्ष रोशनी कुमारी को निलंबित कर दिया गया है। हालांकि अब भी पुलिस पूरे मामले पर खुलकर कुछ कहने से बच रही है।
राजनीतिक बयानबाजी से बढ़ी गर्मी
इसी मामले को लेकर राजनीतिक बयानबाजी और तेज हो गई है। भाजपा सांसद राजीव प्रताप रूडी के बयान ने सियासी माहौल को और गरमा दिया। उन्होंने कहा था कि जब तेजस्वी यादव कुछ समय के लिए बाहर गए थे, तब बिहार में अपराध कम था, और उनके लौटते ही अपराध बढ़ गया। इस बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में हलचल मच गई।
अब इस बयान पर राजद के पूर्व विधायक मुकेश रौशन ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि बिहार की बेटी के साथ हुई घटना पर सवाल उठाने के बजाय सत्ता पक्ष धार्मिक नारे लगाकर मुद्दे से बच रहा है। उन्होंने कहा कि सवाल तो उन्हीं से होगा जो सत्ता में बैठे हैं और जिनके हाथ में व्यवस्था है।
तेजस्वी को लेकर विवादित टिप्पणी
मुकेश रौशन ने राजीव प्रताप रूडी के बयान पर पलटवार करते हुए कहा कि अगर किसी नेता के आने-जाने से अपराध बढ़ता या घटता है, तो यह सोच ही गलत है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या किसी के घर में बच्चे होने से अपराध का जिम्मा उसी पर डाल दिया जाएगा। उन्होंने साफ कहा कि ऐसे बयान गैर-जिम्मेदाराना हैं और असली मुद्दे से ध्यान भटकाने की कोशिश है।
‘सत्ता के संरक्षण में हो रही घटनाएं’
नीट छात्रा हत्याकांड पर बोलते हुए मुकेश रौशन ने कहा कि इस तरह की घटनाएं सत्ता के संरक्षण में हो रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि अधिकारी दबाव में काम कर रहे हैं और सच्चाई सामने आने में देर हो रही है। उन्होंने मांग की कि इस मामले में जिम्मेदारी तय हो और दोषियों को सजा मिले, न कि बयानबाजी कर मामले को दबाया जाए।
फिलहाल नीट छात्रा हत्याकांड की जांच जारी है, लेकिन राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप के बीच आम लोगों में यही सवाल है कि आखिर छात्रा को इंसाफ कब मिलेगा और सच्चाई कब सामने आएगी।