राहुल झा का राजनीतिक सफर: संगठन के प्रति समर्पण और युवाओं को जोड़ने की पहल

राहुल झा का राजनीतिक सफर छात्र जीवन के दौरान कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु से शुरू हुआ। 
 

राहुल झा का राजनीतिक सफर छात्र जीवन के दौरान कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु से शुरू हुआ। इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्होंने आईबीएम (IBM) में कार्य किया और वर्ष 2015 तक इस प्रतिष्ठित कंपनी से जुड़े रहे। इसके बाद उन्होंने नौकरी छोड़कर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के पूर्णकालिक कार्यकर्ता के रूप में संगठन को अपनी सेवाएँ समर्पित करने का निर्णय लिया।

राहुल झा वर्ष 2012 से दिवंगत अनंत कुमार जी, पूर्व केंद्रीय मंत्री, भारत सरकार के मार्गदर्शन में भाजपा के सक्रिय सदस्य के रूप में कार्य करने लगे। संगठन के प्रति उनकी सक्रियता और समर्पण को देखते हुए वर्ष 2013 में उन्हें भाजपा विविध भाषा प्रकोष्ठ का सह-संयोजक बनाया गया।

वर्ष 2015-16 में बिहार लौटने के बाद उन्हें भारतीय जनता युवा मोर्चा (भाजयुमो), बिहार के आईटी एवं सोशल मीडिया संयोजक की जिम्मेदारी सौंपी गई। इसके बाद उन्हें पार्टी के प्रवक्ता के रूप में भी अतिरिक्त जिम्मेदारी दी गई।

तत्कालीन भाजयुमो अध्यक्ष श्री नितिन नवीन जी के कुशल नेतृत्व में राहुल झा ने बिहार यूथ एंबेसडर कार्यक्रम की शुरुआत की। बेंगलुरु, चेन्नई और मुंबई में तीन केंद्रों के माध्यम से शुरू की गई इस पहल का उद्देश्य युवाओं को जोड़ना और उनके बीच संवाद को बढ़ावा देना था। आज यह कार्यक्रम देशभर में 27,000 से अधिक युवाओं से जुड़ चुका है।

वर्ष 2018 के कर्नाटक विधानसभा चुनावों में उन्हें बेंगलुरु के पूर्वांचली मतदाताओं के बीच कार्य करने की जिम्मेदारी दी गई। वहीं, वर्ष 2019 के लोकसभा चुनावों के दौरान उन्हें भाजपा बिहार के मुख्यालय प्रभारी की जिम्मेदारी सौंपी गई।

वर्ष 2019 के झारखंड विधानसभा चुनावों में उन्होंने रांची के विधानसभा क्षेत्रों में संगठनात्मक कार्य किया। इसके बाद वर्ष 2020 के बिहार विधानसभा चुनावों में उन्हें महाराष्ट्र के तत्कालीन पूर्व मुख्यमंत्री एवं वरिष्ठ भाजपा नेता श्री देवेंद्र फडणवीस जी का प्रोटोकॉल प्रभारी बनाया गया।

वर्ष 2021 के पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों में उन्होंने टॉलीगंज विधानसभा सीट पर संगठनात्मक जिम्मेदारी निभाई। संगठन में उनके निरंतर योगदान और अनुभव को देखते हुए वर्ष 2023 में उन्हें भारतीय जनता युवा मोर्चा, बिहार का प्रदेश उपाध्यक्ष बनाया गया।

राहुल झा की राजनीतिक यात्रा छात्र जीवन से शुरू होकर संगठनात्मक दायित्वों और विभिन्न राज्यों में चुनावी कार्यों तक पहुँची है। उनका सफर युवाओं को संगठन से जोड़ने, तकनीक एवं सोशल मीडिया के माध्यम से राजनीतिक संवाद को मजबूत करने तथा पार्टी के संगठनात्मक कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाने की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।