बिहार में सहकारी योजनाओं की समीक्षा, पैक्स कम्प्यूटरीकरण में धीमी प्रगति पर नाराजगी

पैक्स कम्प्यूटरीकरण, गोदाम निर्माण एवं फसल सहायता योजना के कार्यों में तेजी लाएँ, लंबित कार्यों को शीघ्र पूरा करें : निबंधक, सहयोग समितियाँ
 

पटना: बिहार में सहकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी लाने और लंबित कार्यों को समय पर पूरा करने को लेकर विभाग ने सख्ती दिखाई है। निबंधक, सहयोग समितियां, बिहार, पटना रजनीश कुमार सिंह की अध्यक्षता में मंगलवार को जिला स्तरीय सहकारिता पदाधिकारियों और सहकारी बैंकों के प्रबंध निदेशकों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में पैक्स कम्प्यूटरीकरण योजना, गोदाम निर्माण, बिहार राज्य फसल सहायता योजना, विश्व की सबसे बड़ी अन्न भंडारण योजना और नेशनल को-ऑपरेटिव डेटाबेस के साथ पैक्सों की जियोटैगिंग की प्रगति की समीक्षा की गई। इस दौरान संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।

पैक्स कम्प्यूटरीकरण में लापरवाही पर कार्रवाई की चेतावनी

पैक्स कम्प्यूटरीकरण योजना की समीक्षा के दौरान कैमूर, समस्तीपुर और रोहतास जिलों के प्रदर्शन की सराहना की गई। इन जिलों में आंकड़ों की प्रविष्टि का कार्य तेजी से किया गया है। वहीं, मुजफ्फरपुर, मधुबनी, पटना, खगड़िया और सीतामढ़ी में अपेक्षित प्रगति नहीं होने पर निबंधक ने असंतोष जताया। उन्होंने संबंधित पदाधिकारियों को आंकड़ों की प्रविष्टि में तेजी लाने और कम्प्यूटरीकरण का काम जल्द पूरा करने का निर्देश दिया। साथ ही, कार्य में लापरवाही बरतने पर विभागीय कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई।

गोदाम निर्माण में तेजी लाने का निर्देश

गोदाम निर्माण कार्यों की समीक्षा करते हुए लंबित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने पर जोर दिया गया। निबंधक ने निर्देश दिया कि निर्माण कार्यों में तेजी लाई जाए और निर्धारित समय-सीमा के भीतर उपयोगिता प्रमाण पत्र उपलब्ध कराए जाएं। उन्होंने स्पष्ट किया कि योजनाओं के क्रियान्वयन में अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए।

फसल सहायता योजना के लंबित आवेदनों का जल्द हो सत्यापन

बिहार राज्य फसल सहायता योजना की समीक्षा में खरीफ मौसम 2024-25 के तहत पश्चिम चम्पारण जिले में आवेदनों का सत्यापन शीघ्र पूरा करने का निर्देश दिया गया। वहीं, रबी मौसम 2024-25 में पश्चिम चम्पारण, पूर्वी चम्पारण, मुजफ्फरपुर, सीतामढ़ी, रोहतास और औरंगाबाद जिलों में प्रगति पर असंतोष जताया गया। अधिकारियों को शेष कार्य जल्द पूरा करने को कहा गया, ताकि योजना का लाभ देने में देरी न हो।

36 बड़े गोदामों के निर्माण की तैयारी

विश्व की सबसे बड़ी अन्न भंडारण योजना के तहत बिहार के विभिन्न जिलों में 1000 मीट्रिक टन से अधिक क्षमता वाले कुल 36 बड़े गोदाम प्रस्तावित हैं। बैठक में नवादा और बेगूसराय जिलों को गोदाम निर्माण के लिए जमीन की उपलब्धता जल्द सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया, ताकि निर्माण कार्य शुरू किया जा सके।

इसके अलावा, नेशनल को-ऑपरेटिव डेटाबेस के साथ सभी क्रियाशील समितियों की जियोटैगिंग की समीक्षा की गई। सभी जिलों को अपने क्षेत्र के पैक्सों की जियोटैगिंग जल्द पूरी करने को कहा गया।

बैठक में अपर निबंधक विकास कुमार बरियार और मनोज कुमार सिंह, संयुक्त निबंधक कामेश्वर ठाकुर, समरेश कुमार, संजय कुमार सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित रहे।