बिहार विधानसभा सत्र का तीसरा दिन: राज्यपाल का अभिभाषण आज, 11:30 बजे संयुक्त बैठक—द्वितीय अनुपूरक बजट भी आने की तैयारी

Bihar Vidhansabha Session: तीसरे दिन राज्यपाल का अभिभाषण, नई सरकार की प्राथमिकताएं होंगी सामने
 

Bihar Vidhansabha Session: 18वीं बिहार विधानसभा के पहले सत्र का आज तीसरा दिन है। बुधवार को सदन की कार्यवाही सुबह 11 बजे शुरू होगी। इसके बाद विधानसभा और विधान परिषद की संयुक्त बैठक सुबह 11:30 बजे सेंट्रल हॉल में होगी, जहां राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान नई सरकार का एजेंडा, प्रमुख नीतियां और आगामी विकास योजनाओं की रूपरेखा पेश करेंगे। तीसरे दिन की कार्यवाही को लेकर राजनीतिक गलियारों में खासा उत्साह है, क्योंकि इससे नई सरकार की दिशा और प्राथमिकताओं का संकेत मिलेगा।

संभावना: अभिभाषण से पहले पेश हो सकता है द्वितीय अनुपूरक बजट

सूत्रों के मुताबिक, अभिभाषण से पहले सरकार वित्तीय वर्ष 2025-26 का द्वितीय अनुपूरक बजट सदन में पेश कर सकती है। सत्र के दूसरे दिन जदयू नेता नरेंद्र नारायण यादव ने विधानसभा उपाध्यक्ष पद के लिए नामांकन दाखिल किया था। 4 दिसंबर को उपाध्यक्ष पद का फैसला घोषित होगा। गौरतलब है कि पिछली नीतीश सरकार (2024) के दौरान भी स्पीकर बीजेपी और उपाध्यक्ष जदयू से थे।

इस बार भी यही समीकरण कायम रहेगा। बीजेपी के वरिष्ठ विधायक प्रेम कुमार स्पीकर बन चुके हैं, जबकि नरेंद्र नारायण यादव का उपाध्यक्ष के तौर पर निर्विरोध चुना जाना लगभग तय है।

शपथ ग्रहण प्रक्रिया लगभग पूरी, दो विधायक बाकी

243 सदस्यों वाली विधानसभा में अब तक 241 विधायकों ने शपथ ले ली है।
शेष दो विधायक:
    •    मोकामा से अनंत सिंह
    •    कुचायकोट से अमरेंद्र कुमार पांडेय
का शपथ ग्रहण अभी लंबित है।

स्पीकर पद पर डॉ. प्रेम कुमार के निर्विरोध चुने जाने के बाद अब सदन तीसरे दिन सरकार के विधायी एजेंडे पर फोकस करता दिखाई देगा।

सत्र के दूसरे दिन का खास पल: नीतीश और तेजस्वी ने मिलकर दिलाई आसन तक पहुंच

दूसरे दिन सदन में एक अनोखा और भावनात्मक पल देखने को मिला। प्रोटेम स्पीकर द्वारा जैसे ही प्रेम कुमार के स्पीकर चुने जाने की घोषणा हुई, परंपरा के अनुसार सीएम नीतीश कुमार और तेजस्वी यादव उन्हें लेकर आसन तक पहुंचे।

जैसे ही प्रेम कुमार आसन पर बैठने लगे, सीएम नीतीश ने उन्हें रोकते हुए कहा- “अरे रुकिए…!” दरअसल, वे तेजस्वी के वहां पहुंचने का इंतजार कर रहे थे।

तेजस्वी के आते ही नीतीश बोले- “अब बैठिए।”

इसके बाद दोनों नेताओं ने हाथ पकड़कर प्रेम कुमार को आसन पर बैठाया। इस ऐतिहासिक क्षण के दौरान सदन “जय श्रीराम” और “हर-हर महादेव” के जयकारों से गूंज उठा।