कहाँ है चुनावों में जंगलराज-जंगलराज चिल्लाने वाले? मंत्री-मुख्यमंत्री दिन रात आकाश-पाताल से अपराधियों को पकड़ने की डींगे हांकते है" शब्दों से तेजस्वी ने खूब लताड़ा

NEET Student Death Case: "NEET छात्रा के दुष्कर्म और हत्या का उद्भेदन करने की बजाय बिहार सरकार ने केस को CBI को सौंपने का निर्णय लेकर फिर साबित कर दिया कि बिहार का प्रशासनिक ढाँचा भ्रष्ट, अयोग्य, अदक्ष और अनप्रोफेशनल है जो एक बलात्कार और हत्या के केस को भी नहीं सुलझा सकता। पुलिस से अधिक यह बड़बोली एनडीए सरकार के करप्ट और कंप्रोमाइज़्ड तंत्र की विफलता है जिनके कर्ता-धर्ता मंत्री-मुख्यमंत्री दिन रात आकाश-पाताल से अपराधियों को पकड़ने की डींगे हांकते है"। 
 

NEET Student Death Case: पटना के हॉस्टल में जहानाबाद में NEET छात्रा की मौत के मामले में अब बिहार सरकार ने सीबीआई जांच की सिफारिश की है. डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी ने बताया कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने इस मामले की सीबीआई जांच का अनुरोध किया है. इससे पहले छात्रा के परिजनों ने धमकी दी थी कि अगर न्याय नहीं मिलता है तो पूरा परिवार आत्महत्या कर लेगा. छात्रा की मौत की गुत्थी अब तक नहीं सुलझी है लेकिन यह मामला अब पूरी तरह से उलझता जा रहा है. बिहार के डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर इसकी जानकारी दी.

बिहार सरकार ने ये सिफारिश ऐसे समय की है, जब छात्रा की संदिग्ध मौत को लेकर परिजनों का गुस्सा बढ़ता जा रहा है. शुक्रवार को डीजीपी से मुलाकात के बाद छात्रा के माता-पिता ने बिहार पुलिस पर मामले को दबाने और सच्चाई से भटकाने का आरोप लगाया था. छात्रा की मां का कहना था कि डीजीपी के बुलावे पर वो पटना गए लेकिन वहां न्याय का भरोसा देने की बजाय समझौते की सलाह दी गई. उन्होंने कहा था कि पुलिस इसे आत्महत्या साबित करने की कोशिश कर रही है.

वहीं केस को सीबीआई को सौंपे जाने पर नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव भड़क गए हैं. तेजस्वी यादव ने सीबीआई के उन आकंड़ों को सर्वजनकि कर दिया है जो फिलहाल सीबीआई के पास है और सीबीआई जिसका खुलासा नहीं कर पाई है. तेजस्वी ने सोशल मीडिया पर ट्विट कर बड़ा हमला बोला है.

तेजस्वी यादव ने ट्विट कर लिखा कि, "NEET छात्रा के दुष्कर्म और हत्या का उद्भेदन करने की बजाय बिहार सरकार ने केस को CBI को सौंपने का निर्णय लेकर फिर साबित कर दिया कि बिहार का प्रशासनिक ढाँचा भ्रष्ट, अयोग्य, अदक्ष और अनप्रोफेशनल है जो एक बलात्कार और हत्या के केस को भी नहीं सुलझा सकता। पुलिस से अधिक यह बड़बोली एनडीए सरकार के करप्ट और कंप्रोमाइज़्ड तंत्र की विफलता है जिनके कर्ता-धर्ता मंत्री-मुख्यमंत्री दिन रात आकाश-पाताल से अपराधियों को पकड़ने की डींगे हांकते है"। 

तेजस्वी ने आगे लिखा कि,"नवरुणा कांड जैसे अनेक मामलों में सीबीआई 12-13 वर्षों से आरोपियों को नहीं पकड़ पाई तथा जाँच भी बंद कर दी। यही इस मामले में होना है। कहाँ है चुनावों में जंगलराज-जंगलराज चिल्लाने वाले? बिहार की ध्वस्त और भ्रष्ट विधि व्यवस्था की जवाबदेही कौन लेगा? क्या फिर सरकार द्वारा हेडलाइन मैनेजमेंट के ज़रिए ध्यान भटकाने की कोशिशें होगी"?