World Teachers Day: ‘AI से नहीं मिल सकता संस्कार’ प्रेम कुमार का बड़ा संदेश...
Patna: विश्व शिक्षक दिवस के अवसर पर बिहार विधानसभा के अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार ने देश और प्रदेश के सभी शिक्षकों, शिक्षिकाओं एवं शिक्षा जगत से जुड़े लोगों को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दीं। उन्होंने शिक्षकों के योगदान को समाज और राष्ट्र निर्माण की आधारशिला बताते हुए कहा कि शिक्षक केवल ज्ञान देने का काम नहीं करते, बल्कि विद्यार्थियों के व्यक्तित्व, संस्कार, चरित्र और भविष्य का निर्माण भी करते हैं।
शिक्षक बच्चों को बेहतर नागरिक बनने की दिशा देते हैं
डॉ. प्रेम कुमार ने कहा कि शिक्षक अपने मार्गदर्शन से विद्यार्थियों में अनुशासन, आत्मविश्वास, नैतिकता और जिम्मेदारी की भावना विकसित करते हैं। यही गुण बच्चों को भविष्य में बेहतर नागरिक बनने की दिशा प्रदान करते हैं।
उन्होंने कहा कि शिक्षक का योगदान केवल कक्षा तक सीमित नहीं है। वे विद्यार्थियों के जीवन में मार्गदर्शक की भूमिका निभाते हैं और उन्हें सही दिशा चुनने के लिए प्रेरित करते हैं।
AI और डिजिटल युग में भी शिक्षक की भूमिका अहम
विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि वर्तमान तकनीकी और डिजिटल युग में शिक्षा का स्वरूप तेजी से बदल रहा है। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और डिजिटल माध्यमों ने ज्ञान हासिल करने के नए अवसर उपलब्ध कराए हैं। हालांकि, तकनीक शिक्षक के मानवीय मार्गदर्शन, संवेदना और संस्कार का स्थान नहीं ले सकती।
उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए तकनीक के साथ-साथ शिक्षक का मानवीय जुड़ाव और मार्गदर्शन बेहद जरूरी है।
सिर्फ डिग्री हासिल करना शिक्षा का उद्देश्य नहीं
डॉ. प्रेम कुमार ने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल डिग्री हासिल करना नहीं होना चाहिए। शिक्षा के माध्यम से विद्यार्थियों में ज्ञान, कौशल, वैज्ञानिक दृष्टिकोण, नैतिक मूल्य और राष्ट्र के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित करना आवश्यक है।
उन्होंने कहा कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए शिक्षकों को सम्मान देने के साथ-साथ उन्हें बेहतर कार्य-परिस्थितियां और निरंतर प्रशिक्षण उपलब्ध कराना भी जरूरी है।
‘शिक्षित बिहार ही विकसित बिहार की आधारशिला’
विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि शिक्षित बिहार ही विकसित बिहार और सशक्त भारत की मजबूत आधारशिला है। इसके लिए शिक्षकों की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि शिक्षक आने वाली पीढ़ियों को ज्ञानवान, संस्कारवान और आत्मनिर्भर बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं।
विश्व शिक्षक दिवस पर डॉ. प्रेम कुमार ने सभी शिक्षकों के योगदान के प्रति आभार व्यक्त करते हुए उनके प्रति सम्मान प्रकट किया और कहा कि समाज एवं राष्ट्र निर्माण में शिक्षकों की भूमिका हमेशा महत्वपूर्ण बनी रहेगी।