बिहार में आज से शुरू होगी 521 मॉडल स्कूलों की नई पहल, स्मार्ट क्लास और आधुनिक सुविधाओं से बदलेगी सरकारी शिक्षा की तस्वीर
Bihar news: बिहार में सरकारी स्कूलों की शिक्षा व्यवस्था को आधुनिक और गुणवत्तापूर्ण बनाने की दिशा में आज एक बड़ी पहल होने जा रही है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी बेगूसराय से ऑनलाइन माध्यम के जरिए राज्य के 521 मॉडल स्कूलों का उद्घाटन करेंगे। इन विद्यालयों को आधुनिक संसाधनों और बेहतर शैक्षणिक माहौल से लैस कर सरकारी शिक्षा को नई पहचान देने की तैयारी की गई है।
सरकार का उद्देश्य इन मॉडल स्कूलों के माध्यम से सरकारी विद्यालयों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों को निजी स्कूलों जैसी बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना है। स्कूलों में स्मार्ट क्लास, डिजिटल बोर्ड, अत्याधुनिक विज्ञान प्रयोगशालाएं, समृद्ध पुस्तकालय, बेहतर फर्नीचर और आधुनिक शिक्षण व्यवस्था विकसित की गई है, ताकि छात्रों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल सके।
मेरिट के आधार पर होगा कक्षा 9 में प्रवेश
इन मॉडल स्कूलों में प्रवेश सामान्य प्रक्रिया से नहीं होगा। कक्षा 9 में नामांकन के लिए राष्ट्रीय आय-सह-मेधा छात्रवृत्ति परीक्षा (NMMS) में बेहतर प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को प्राथमिकता दी जाएगी। संबंधित प्रखंड के पात्र छात्रों से आवेदन लेकर मेरिट सूची तैयार की जाएगी। प्रत्येक स्कूल में कक्षा 9 के लिए 40 विद्यार्थियों का एक सेक्शन संचालित किया जाएगा, जिससे हर छात्र पर व्यक्तिगत ध्यान दिया जा सके।
छात्रवृत्ति योजना का भी मिलेगा लाभ
एनएमएमएस परीक्षा में चयनित विद्यार्थियों को केंद्र सरकार की छात्रवृत्ति योजना का लाभ भी मिल सकेगा। इसके लिए अभिभावक की वार्षिक आय 3.5 लाख रुपये तक होना आवश्यक है। सामान्य वर्ग के छात्रों के लिए कक्षा 7 में न्यूनतम 55 प्रतिशत अंक की शर्त निर्धारित है, जबकि अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति और दिव्यांग विद्यार्थियों को नियमानुसार अंकों में छूट मिलेगी।
डिजिटल शिक्षा और आधुनिक प्रयोगशालाओं पर रहेगा फोकस
मॉडल स्कूलों में डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए स्मार्ट क्लास और डिजिटल बोर्ड की व्यवस्था की गई है। विज्ञान विषयों की बेहतर पढ़ाई के लिए आधुनिक लैब तैयार की गई हैं। साथ ही पुस्तकालय, बेहतर फर्नीचर और अन्य शैक्षणिक सुविधाओं के जरिए विद्यार्थियों को आधुनिक शिक्षण वातावरण उपलब्ध कराया जाएगा।
बेगूसराय से होगी राज्यव्यापी शुरुआत
521 मॉडल स्कूलों के उद्घाटन का मुख्य कार्यक्रम बेगूसराय में आयोजित किया गया है, जहां से मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ऑनलाइन माध्यम से पूरे राज्य में इस योजना की शुरुआत करेंगे। सरकार का मानना है कि यह पहल सरकारी स्कूलों की गुणवत्ता बढ़ाने के साथ-साथ विद्यार्थियों को प्रतिस्पर्धी शिक्षा उपलब्ध कराने में अहम साबित होगी।







