बिहार के 15 विश्वविद्यालयों में कुलपति और प्रति-कुलपति की नियुक्ति प्रक्रिया तेज, अगले माह तक भरेंगे पद, होगा गुणात्मक परिवर्तन
राज्यपाल सह कुलाधिपति सैयद अता हसनैन के निर्देश पर इन पदों के लिए सर्च कमेटियों का गठन किया गया है। प्रत्येक विश्वविद्यालय में कुलपति और प्रति-कुलपति की नियुक्ति के लिए अलग-अलग सर्च कमेटियां बनाई गई हैं।
बिहार लोक भवन की विश्वविद्यालय शाखा से मिली जानकारी के अनुसार मगध विश्वविद्यालय में कुलपति पद के लिए सर्च कमेटी ने काम करना शुरू कर दिया है। योग्य अभ्यर्थियों के साक्षात्कार के बाद जल्द नियुक्ति की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। वर्तमान में शशि प्रताप शाही कुलपति की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं. उनका टर्म पहले ही समाप्त हो गया था. लेकिन तत्कालीन राज्यपाल सह कुलाधिपति ने सेवा विस्तार दिया था.
लोक भवन के मुताबिक, राज्य के सभी 15 विश्वविद्यालयों में प्रति-कुलपति के पद वर्तमान में रिक्त हैं। इनमें पटना विश्वविद्यालय पटना (पविवि), आर्यभट्ट ज्ञान विश्वविद्यालय, पटना (एकेयू), पाटलिपुत्र विश्वविद्यालय, पटना (पीपीयू), वीर कुंवर सिंह विश्वविद्यालय, आरा (वीकेएसयू) हैं। इनके अलावा जय प्रकाश विश्वविद्यालय, छपरा (जेपीयू), बीआर आंबेडकर बिहार विश्वविद्यालय, मुजफ्फरपुर (बीआरएबीयू), ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय, दरभंगा (एलएनएमयू), तिलका मांझी भागलपुर विश्वविद्यालय, भागलपुर (टीएमबीयू) सहित अन्य विश्वविद्यालय शामिल हैं।
वहीं, कई विश्वविद्यालयों में कुलपति के पद भी खाली हैं। इनमें मगध विश्वविद्यालय (बोधगया), मौलाना मजहरूल हक अरबी एवं फारसी विश्वविद्यालय पटना के साथ ही वीर कुंवर सिंह विश्वविद्यालय (आरा) और तिलका मांझी भागलपुर विश्वविद्यालय शामिल हैं। इन पदों के लिए अभ्यर्थियों का चयन साक्षात्कार के माध्यम से किया जाएगा। इसके अलावा, राज्यपाल सह कुलाधिपति के निर्देश पर राज्य के 10 विश्वविद्यालयों में वित्तीय सलाहकार और वित्तीय पदाधिकारियों के रिक्त पदों को भी इसी माह भरने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।







