बक्सर: 50 हजार रिश्वत लेते दारोगा गिरफ्तार, निगरानी टीम ने रंगे हाथ पकड़ा
कानून की रखवाली की जिम्मेदारी जिस खाकी वर्दी पर है, उसी वर्दी पर रिश्वतखोरी के आरोप ने एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं. बक्सर जिले के ब्रह्मपुर थाने में तैनात दारोगा नीरज कुमार को निगरानी विभाग की टीम ने 50 हजार रुपये रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया है. आरोप है कि एक मामले में पैरवी करने के एवज में दारोगा लगातार पीड़ित पक्ष से रिश्वत की मांग कर रहा था.
कथित तौर पर रिश्वत की मांग से परेशान होकर पीड़ित ने निगरानी विभाग में शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद टीम ने जाल बिछाकर कार्रवाई की. निगरानी विभाग के डीएसपी विनोद कुमार के नेतृत्व में नौ सदस्यीय टीम ने इस कार्रवाई को अंजाम दिया. दारोगा की गिरफ्तारी की पुष्टि डुमरांव के एसडीपीओ भास्कर रंजन ने भी की है. कार्रवाई के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मचा हुआ है.
मिली जानकारी के अनुसार, ब्रह्मपुर थाने में दर्ज एक मामले में पैरवी करने के नाम पर दारोगा नीरज कुमार द्वारा कथित तौर पर पीड़ित पक्ष से 50 हजार रुपये की मांग की जा रही थी. आरोप है कि यह मांग लगातार की जा रही थी. इससे परेशान होकर पीड़ित ने निगरानी विभाग का दरवाजा खटखटाया.
''यह ब्रह्मपुर थाना कांड संख्या 238/26 के परिवादी अमरनाथ यादव को मदद करने के लिए सब इंस्पेक्टर नीरज कुमार के द्वारा रिश्वत की मांग की गई थी. इस संबंध में निगरानी के पास कांड दर्ज करने के बाद अपने वरीय पदाधिकरी के निर्देश पर सब इंस्पेक्टर नीरज कुमार को 50 हजार रिश्वत लेते गिरफ्तार किया गया है
निगरानी विभाग की टीम ने सुनियोजित तरीके से कार्रवाई करते हुए आरोपी दारोगा को अपने शिकंजे में लिया. टीम का नेतृत्व डीएसपी विनोद कुमार कर रहे थे. कार्रवाई के दौरान टीम के सदस्य आशीष चौबे ने बताया कि ''एक मामले में पैरवी के नाम पर 50 हजार रुपये रिश्वत मांगे जाने की शिकायत मिली थी. शिकायत के आधार पर यह कार्रवाई की गई है.
दारोगा की गिरफ्तारी के बाद मामले को लेकर पुलिस महकमे में हलचल तेज हो गई. एसडीपीओ भास्कर रंजन ने बताया कि गिरफ्तारी के बाद मामले से जुड़े तथ्यों की पड़ताल की जा रही है. फिलहाल, आरोपी दारोगा के खिलाफ आगे की कानूनी प्रक्रिया और जांच के परिणाम पर नजर बनी हुई है.
जानकारी के अनुसार, गिरफ्तारी के बाद निगरानी विभाग की टीम ब्रह्मपुर में नेशनल हाईवे के पास स्थित एक निजी होटल में आरोपी दारोगा से पूछताछ कर रही है. टीम उससे रिश्वत से जुड़े आरोपों और शिकायत के संबंध में जानकारी जुटा रही है. इस कार्रवाई के बाद जिले में भ्रष्टाचार के खिलाफ निगरानी विभाग की सक्रियता चर्चा का विषय बनी हुई है.







