Nepal Rain Alert: सड़क धंसी, Muglin-Kathmandu Road बंद! बाढ़-भूस्खलन का खतरा बढ़ा
Bihar-Nepal: नेपाल में लगातार हो रही बारिश के बीच बाढ़ और भूस्खलन का खतरा बढ़ गया है। कई इलाकों में सड़कें प्रभावित होने से प्रमुख मार्गों पर यातायात रोकना पड़ा है। रसुवा से फिर बाढ़ और भूस्खलन की सूचना मिलने के बाद चितवन पुलिस-प्रशासन ने नदी किनारे रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है।

हालात को देखते हुए नारायणगढ़ से काठमांडू, पोखरा और मुग्लिन जाने वाले वाहनों की आवाजाही अगले आदेश तक रोक दी गई है। इन मार्गों से नारायणगढ़ आने वाले वाहनों पर भी फिलहाल रोक रहेगी। ऐसे में इन प्रमुख रूटों पर यात्रा करने वाले लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
कृष्णभीर में धंसी सड़क, मुग्लिन-काठमांडू मार्ग बंद
बारिश के बाद शनिवार सुबह त्रिशूली नदी का जलस्तर बढ़ने से कृष्णभीर इलाके में सड़क का एक हिस्सा धंस गया। इसके बाद मुग्लिन-काठमांडू सड़क पर यातायात पूरी तरह बाधित हो गया।
बागमती प्रदेश के ट्रैफिक प्रमुख डिल्ली नारायण पांडे ने सड़क धंसने और मार्ग के पूरी तरह बंद होने की पुष्टि की है।
सड़क अवरुद्ध होने के बाद इस महत्वपूर्ण मार्ग पर वाहनों की आवाजाही ठप है। संबंधित एजेंसियां स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार बारिश के कारण सड़क पर मलबा आने और भूस्खलन का खतरा भी बना हुआ है।
बस, कार और मालवाहक वाहनों की आवाजाही प्रभावित
मुग्लिन-काठमांडू मार्ग बंद होने का असर आम यात्रियों के साथ-साथ मालवाहक वाहनों पर भी पड़ सकता है। काठमांडू, पोखरा और मुग्लिन की ओर जाने वाली बसें, कारें, ट्रक और अन्य वाहन रास्ते में रुकने को मजबूर हैं।
सड़क संपर्क बाधित होने से यात्रियों की यात्रा प्रभावित होने के साथ जरूरी सामान की आपूर्ति पर भी असर पड़ने की आशंका है।
चितवन पुलिस ने जारी किया अलर्ट
चितवन पुलिस ने सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों को मौजूदा स्थिति की जानकारी दी है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि जब तक जरूरी न हो, जोखिम वाले रास्तों पर यात्रा करने से बचें।
यात्रा पर निकलने से पहले संबंधित मार्ग की ताजा स्थिति की जानकारी लेने की सलाह दी गई है। फिलहाल नारायणगढ़-काठमांडू, नारायणगढ़-पोखरा और नारायणगढ़-मुग्लिन रूट पर यातायात अगले आदेश तक बंद बताया गया है।
मार्ग को दोबारा खोलने का निर्णय हालात की समीक्षा के बाद लिया जाएगा। प्रशासन ने लोगों से अपनी और परिवार की सुरक्षा को प्राथमिकता देने की अपील की है।
बिहार पर भी बारिश और बाढ़ का असर
नेपाल में लगातार बारिश का असर बिहार के सीमावर्ती क्षेत्रों में भी चिंता बढ़ा रहा है। राज्य की कई नदियों का जलस्तर खतरे के निशान के आसपास बना हुआ है। हालांकि कुछ नदियों के जलस्तर में कमी आई है, लेकिन खतरा अभी पूरी तरह टला नहीं है।
कई प्रभावित इलाकों से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है। दियारा क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
बिहार के इन 5 जिलों पर खास नजर
नेपाल में लगातार बारिश और नदियों के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए बिहार के पूर्वी चंपारण, पश्चिमी चंपारण, सीतामढ़ी, गोपालगंज और भागलपुर में विशेष निगरानी की जा रही है।
प्रशासन की ओर से नदी किनारे और संवेदनशील इलाकों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी जा रही है। लोगों से अपील की गई है कि वे जलस्तर बढ़ने की स्थिति में सुरक्षित स्थानों की ओर जाने में देरी न करें।
लगातार बारिश से बढ़ा भूस्खलन का खतरा
नेपाल के पहाड़ी इलाकों में लगातार बारिश के कारण भूस्खलन और सड़क पर मलबा आने का खतरा बना हुआ है। ऐसे में प्रशासन की ओर से संवेदनशील मार्गों की निगरानी की जा रही है।
फिलहाल यात्रियों के लिए सलाह यही है कि बंद मार्गों पर जाने से बचें और यात्रा से पहले प्रशासन की ओर से जारी ताजा अपडेट जरूर जांच लें।







