Newshaat_Logo

बिहार के 18 जिलों में खुलेंगे नए केंद्रीय विद्यालय, स्मार्ट क्लास और बाल वाटिका से बदलेगी शिक्षा की तस्वीर

Patna: नई मंजूरी की खास बात यह है कि इन केंद्रीय विद्यालय में राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप पर 3 साल के पूर्व प्राथमिक स्तर यानी बाल वाटिका की व्यवस्था भी शुरू की जाएगी. इससे छोटे बच्चों को शुरुआती स्तर से ही गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने की योजना है.
 
bihar

Patna: बिहार के स्कूली छात्रों के लिए बड़ी खुशखबरी है। राज्य के 18 जिलों में नए केंद्रीय विद्यालय (केवी) खोले जाने की तैयारी तेज हो गई है. इन विद्यालयों में आधुनिक शिक्षा व्यवस्था के तहत स्मार्ट क्लासरूम, डिजिटल लर्निंग और छोटे बच्चों के लिए बाल वाटिका (Bal Vatika) जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी. यह पहल छात्रों को बेहतर शैक्षणिक माहौल और आधुनिक संसाधनों से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है.

KVS New Schools: यूपी-बिहार समेत 4 राज्यों में खुलेंगे नए केंद्रीय विद्यालय,  बालवाटिका से शुरू होगी पढ़ाई - kvs balvatika admission four new kendriya  vidyalayas to open in bihar up ...

नई व्यवस्था के तहत प्राथमिक स्तर से ही बच्चों को तकनीक आधारित शिक्षा, इंटरैक्टिव स्मार्ट क्लास, पुस्तकालय, विज्ञान प्रयोगशालाएं और खेल सुविधाएं उपलब्ध कराने पर जोर दिया जाएगा. बाल वाटिका के माध्यम से 3 से 6 वर्ष तक के बच्चों की प्रारंभिक शिक्षा को भी मजबूत किया जाएगा, जिससे नई शिक्षा नीति (NEP) के लक्ष्यों को बढ़ावा मिलेगा. इसके बाद अब इन विद्यालयों के निर्माण की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के लिए बिहार सरकार जमीन उपलब्ध कराएगी. राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री डॉ. दिलीप जायसवाल ने बताया कि 18 में से 12 जिलों में जमीन पहले ही उपलब्ध करा दी गई है, जबकि बाकी 6 जिलों में भी अगले कुछ महीनो के अंदर भूमि उपलब्ध करा दी जाएगी.

इस संबंध में राज्य सरकार की ओर से आवश्यक प्रक्रिया भी तेज कर दी गई है. मंत्री ने इसे बिहार की शिक्षा व्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण कदम बताते हुए कहा कि नई केंद्रीय विद्यालय खुलने से विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक सुविधा मिलेगी और एजुकेशन क्वालिटी का दायरा भी बढ़ेगा.

राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग में केंद्रीय विद्यालयों के लिए जमीन उपलब्ध कराने की कवायद तेज कर दी है. मंत्री डॉ. दिलीप जायसवाल ने विभागीय अधिकारियों और संबंधित जिलों के प्रशासन को निर्देश दिए हैं कि जहां अभी भूमि उपलब्ध नहीं हो सकी है, वहां उपयुक्त जमीन का चयन जल्द पूरा किया जाए. उन्होंने कहा कि जिन जिलों में भूमि चिन्हित हो चुकी है, वहां आगे की प्रक्रिया तेजी से पूरी की जाएगी. जबकि 6 जिलों में भी जल्द ही जमीन केंद्रीय विद्यालय संगठन या शिक्षा विभाग को हस्तांतरित करने की कार्रवाई पूरी कर ली जाएगी. 

सरकार के अनुसार नए केंद्रीय विद्यालय में आधुनिक शैक्षणिक सुविधाओं पर विशेष ध्यान दिया जाएगा. स्कूलों में स्मार्ट क्लासरूम, विज्ञान और कंप्यूटर लैब के साथ अटल टिंकरिंग लैब जैसी सुविधाएं विकसित की जाएगी, ताकि विद्यार्थियों को तकनीकी आधारित शिक्षा मिल सके. इसके अलावा खेल एक्टिविटी को बढ़ावा देने के लिए बड़े खेल मैदान और दूसरी बुनियादी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएगी. 

पहली बार बाल वाटिका की भी होगी व्यवस्था 

नई मंजूरी की खास बात यह है कि इन केंद्रीय विद्यालय में राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप पर 3 साल के पूर्व प्राथमिक स्तर यानी बाल वाटिका की व्यवस्था भी शुरू की जाएगी. इससे छोटे बच्चों को शुरुआती स्तर से ही गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने की योजना है. वहीं आपको बता दें कि फिलहाल देशभर में 1288 केंद्रीय विद्यालय संचालित हो रहे हैं, जिनमें तीन विद्यालय विदेश में भी है. इन स्कूलों में लाखों विद्यार्थी शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं. केंद्र सरकार पहले भी केंद्रीय विद्यालयों के विस्तार को मंजूरी दे चुकी है और अब नई स्वीकृति के तहत कई राज्यों में एक्स्ट्रा विद्यालय खोले जाएंगे