नववर्ष 2026 पर गया में आस्था का सैलाब, मां मंगला गौरी मंदिर में उमड़ी श्रद्धालुओं की रिकॉर्ड भीड़
Bihar news: नए साल 2026 की पहली सुबह गया के विश्व प्रसिद्ध शक्तिपीठ मां मंगला गौरी मंदिर में आस्था और भक्ति का अद्भुत नजारा देखने को मिला। नववर्ष के मौके पर माता के दर्शन के लिए सुबह तड़के से ही श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लग गईं। दूर-दराज के जिलों और पड़ोसी राज्यों से आए भक्तों ने मां के चरणों में शीश नवाकर साल की मंगलमय शुरुआत की।
मंदिर परिसर दिनभर “जय मां मंगला गौरी” के जयघोष से गूंजता रहा। श्रद्धालुओं ने फूल, नारियल, चुनरी और प्रसाद अर्पित कर सुख-शांति, स्वास्थ्य और समृद्धि की कामना की। कई भक्तों ने नववर्ष के दिन उपवास रखकर विशेष पूजा-अर्चना भी की, जिससे मंदिर का माहौल पूरी तरह भक्तिमय बना रहा।
नववर्ष पर उमड़ी भीड़ को देखते हुए मंदिर प्रशासन और जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट रहा। सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। महिला, बुजुर्ग और दिव्यांग श्रद्धालुओं के लिए अलग-अलग कतार की व्यवस्था की गई, ताकि दर्शन में किसी को परेशानी न हो। पुलिस बल और स्वयंसेवकों की तैनाती से दर्शन व्यवस्था सुचारू रूप से चलती रही।
मंदिर के पुजारियों के अनुसार, नववर्ष के दिन मां मंगला गौरी के दर्शन का विशेष धार्मिक महत्व है। मान्यता है कि इस दिन माता के दर्शन करने से पूरे साल सुख, शांति और सफलता का आशीर्वाद मिलता है। इसी विश्वास के चलते हर साल हजारों श्रद्धालु नववर्ष पर यहां पहुंचते हैं।
श्रद्धालुओं का कहना है कि नए साल की शुरुआत माता के दरबार में करने से मन को शांति और सकारात्मक ऊर्जा मिलती है। इस बार बिहार के अलावा झारखंड, उत्तर प्रदेश और पश्चिम बंगाल से भी बड़ी संख्या में भक्त गया पहुंचे।
नववर्ष के अवसर पर गया के अन्य धार्मिक स्थलों पर भी श्रद्धालुओं की भीड़ देखी गई, लेकिन मां मंगला गौरी मंदिर में श्रद्धा और उत्साह कुछ अलग ही नजर आया। कुल मिलाकर, गया में नववर्ष का पहला दिन भक्ति, आस्था और उल्लास के माहौल में संपन्न हुआ।







