Newshaat_Logo

NH-33 और रेलवे ओवरब्रिज को लेकर राजनीति गरमाई, सांसद सुरेंद्र यादव बनाम पूर्व सांसद चंदेश्वर चंद्रवंशी

 
NH-33 और रेलवे ओवरब्रिज को लेकर राजनीति गरमाई, सांसद सुरेंद्र यादव बनाम पूर्व सांसद चंदेश्वर चंद्रवंशी

Jahanabad: राष्ट्रीय राजमार्ग (NH-33) और राजा बाजार रेलवे ओवरब्रिज की परियोजनाओं को लेकर जिले की राजनीति में नया विवाद खड़ा हो गया है। राजद सांसद सुरेंद्र प्रसाद यादव के हालिया बयान ने इस बहस को हवा दी है। सांसद यादव का दावा है कि उनके लगातार प्रयासों की बदौलत अरवल से बिहार शरीफ तक NH-33 और रेलवे ओवरब्रिज की योजना अब जमीन पर उतरने वाली है।

लेकिन इस दावे पर पूर्व सांसद चंदेश्वर प्रसाद चंद्रवंशी और एनडीए नेताओं ने सीधा पलटवार किया है। उनका कहना है कि ये परियोजनाएं डबल इंजन सरकार की पहल और उनकी मेहनत का नतीजा हैं, जिनकी नींव पहले ही रखी जा चुकी थी।

एनडीए का पलटवार

पूर्व सांसद चंद्रवंशी ने कहा, “जब इन परियोजनाओं का डीपीआर तैयार किया जा रहा था, उस समय सुरेंद्र यादव सांसद भी नहीं थे। फिर ये उनकी उपलब्धि कैसे हो सकती है? मैंने संसद में बार-बार यह मुद्दा उठाया, मंत्रालयों को पत्र लिखे और कार्य को प्राथमिकता दिलाई। यह मेरी पहल और सरकार की सक्रियता का परिणाम है, न कि विपक्षी नेताओं का योगदान।”

एनडीए नेताओं ने आरोप लगाया कि राजद सांसद सुरेंद्र यादव और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव हमेशा सरकारी कामों का श्रेय लेने की कोशिश करते हैं। उनका कहना है कि विपक्ष सिर्फ बयानबाज़ी करता है, जबकि विकास कार्यों को आगे बढ़ाने में कोई ठोस कदम नहीं उठाता।

जनता को गुमराह करने का आरोप

एनडीए नेताओं ने सुरेंद्र यादव पर जनता को भ्रमित करने का आरोप लगाते हुए कहा कि विपक्षी दल काम न करके सिर्फ क्रेडिट वॉर में जुटे रहते हैं। चंद्रवंशी ने तो यहां तक कह दिया कि,
“विपक्षी नेता राजनीतिक कामचोर हैं। खुद मेहनत करने के बजाय वे दूसरों के किए गए काम पर अपनी मुहर लगाना चाहते हैं।”

अपील जनता से

आपको बता दें कि एनडीए नेताओं ने लोगों से अपील की कि वे झूठे प्रचार और राजनीतिक बयानबाज़ी में न आएं, बल्कि उन लोगों को पहचानें जिन्होंने सचमुच विकास कार्यों को अंजाम तक पहुंचाया है।