बिहार में फिर बदलेगा मौसम का मिजाज, 24 जिलों में बारिश-वज्रपात का अलर्ट; 5 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी
Bihar Weather Update: बिहार में मानसून की सक्रियता के बीच मौसम एक बार फिर करवट लेने वाला है। राज्य के कई हिस्सों में बारिश का दौर जारी है, जबकि कुछ जिलों में बादल छाने के बावजूद अपेक्षित बारिश नहीं हो रही है। इसी बीच मौसम विज्ञान केंद्र ने सोमवार को राज्य के 24 जिलों में बारिश और वज्रपात की संभावना जताई है। इनमें पांच जिलों में अत्यंत भारी बारिश को देखते हुए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।
मौसम विभाग के मुताबिक, उत्तर-पूर्वी मध्य प्रदेश के ऊपर एक मजबूत चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है। इसके अलावा बंगाल की खाड़ी में भी नया निम्न दबाव क्षेत्र विकसित होने की स्थिति में है। इन मौसमी प्रणालियों के प्रभाव से बिहार के अलग-अलग हिस्सों में बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना है।
पटना में बादल छाए रहने के आसार
राजधानी पटना में सोमवार को दिनभर आंशिक रूप से बादल छाए रह सकते हैं। शहर के कुछ इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश या बौछारें पड़ने की संभावना है। बारिश होने पर तापमान में मामूली गिरावट आने के साथ उमस से भी लोगों को राहत मिल सकती है।
25 अगस्त को इन जिलों में बारिश की संभावना
मौसम विभाग ने मंगलवार, 25 अगस्त को राज्य के 20 से अधिक जिलों में हल्की से मध्यम बारिश और गरज के साथ बौछारें पड़ने का पूर्वानुमान जारी किया है। इनमें जहानाबाद, पूर्वी चंपारण, पश्चिमी चंपारण, गया, बक्सर, सिवान, भोजपुर, वैशाली, मुजफ्फरपुर, समस्तीपुर, दरभंगा, मधुबनी, सहरसा, सुपौल, पूर्णिया, अररिया, किशनगंज, कटिहार, खगड़िया और बेगूसराय शामिल हैं।
इन इलाकों में बारिश के साथ गरज और आकाशीय बिजली गिरने की भी आशंका बनी हुई है। ऐसे में मौसम खराब होने के दौरान लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
वज्रपात को लेकर सावधानी जरूरी
मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि बारिश और गरज-चमक के दौरान खुले मैदान, खेत या ऊंचे स्थानों पर जाने से बचें। पेड़ों के नीचे खड़े होने से भी बचने की सलाह दी गई है। जरूरी होने पर ही खराब मौसम के दौरान घर से बाहर निकलने और सुरक्षित स्थान पर रहने की अपील की गई है।
फिलहाल राज्य में मानसून की स्थिति पूरी तरह एक समान नहीं है। कहीं तेज बारिश हो रही है तो कहीं बादल सिर्फ मौसम को प्रभावित कर रहे हैं। आने वाले दिनों में बंगाल की खाड़ी के निम्न दबाव क्षेत्र और मौसमी सिस्टम की सक्रियता बिहार में बारिश की तस्वीर को और बदल सकती है।







