साइबर अपराध पर सख्ती का ऐलान: नई विशेष इकाई से कसेगी लगाम, पुलिस सप्ताह-2026 का आगाज़
वे पटना के बीएमपी–5 स्थित मिथिलेश स्टेडियम में बिहार पुलिस सप्ताह–2026 के उद्घाटन समारोह को संबोधित कर रहे थे।
कानून का राज मजबूत करने पर जोर
गृहमंत्री ने कहा कि राज्य में कानून का राज कायम रखना पुलिसकर्मियों की अहम जिम्मेदारी है और सरकार मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में पुलिस बल को आधुनिक संसाधन उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने बताया कि बेहतर पुलिसिंग के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) तकनीक का भी व्यापक स्तर पर उपयोग किया जा रहा है।
साथ ही, जहां-जहां पुलिस लाइन का निर्माण लंबित है, उसे शीघ्र पूरा करने का आश्वासन दिया गया।
“जनसहयोग के बिना बेहतर पुलिसिंग संभव नहीं”
कार्यक्रम में पुलिस महानिदेशक Vinay Kumar ने कहा कि प्रभावी पुलिसिंग के लिए जनता का विश्वास और सहयोग बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि पुलिस और आम लोगों के बीच संवाद बढ़ाना ही विभाग की प्राथमिकता है, ताकि भरोसे की मजबूत नींव पर कानून-व्यवस्था को और सुदृढ़ किया जा सके।
इस अवसर पर गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव अरविंद चौधरी, डीजी कुंदन कृष्णन, एडीजी (विधि-व्यवस्था) पंकज कुमार दराद सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
पुलिस सप्ताह में होंगे जनसंवाद से लेकर खेल और सांस्कृतिक कार्यक्रम
22 से 27 फरवरी तक मनाए जा रहे पुलिस सप्ताह के दौरान राज्य मुख्यालय समेत सभी जिलों में विविध कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इनमें पुलिस-पब्लिक संवाद, जनजागरूकता अभियान, सांस्कृतिक प्रस्तुतियां और खेल प्रतियोगिताएं प्रमुख होंगी।
सामाजिक मुद्दों पर नुक्कड़ नाटक, चित्रकला प्रतियोगिता, मैत्री क्रिकेट व फुटबॉल मैच, श्वान दस्ता प्रदर्शन, अश्वारोही दल की प्रस्तुति और पुलिस बैंड शो जैसे आकर्षक कार्यक्रम भी शामिल हैं।
महिला सशक्तिकरण, नशामुक्ति और महिला सुरक्षा जैसे विषयों पर प्रभातफेरी, बाइक शो, साइकिल रैली, मैराथन, निबंध और वाद-विवाद प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। स्थानीय विद्यालयों और महाविद्यालयों की छात्राओं की भागीदारी सुनिश्चित कर विजेताओं को सम्मानित किया जाएगा।
1958 से शुरू हुई परंपरा
बिहार पुलिस सप्ताह की शुरुआत वर्ष 1958 में हुई थी, जबकि 2007 से इसे नियमित रूप से मनाया जा रहा है।
इस दौरान स्वच्छता अभियान पर विशेष फोकस रहेगा। प्रत्येक जिले में तीन सर्वश्रेष्ठ स्वच्छ थाना एवं ओपी को सम्मानित किया जाएगा। साथ ही, जिला स्तर पर रक्तदान शिविर भी लगाए जाएंगे।
नेपाल सीमा पर एसएसबी के साथ संयुक्त कार्यक्रम
नेपाल सीमा से सटे जिलों में सशस्त्र सीमा बल (SSB) के साथ मिलकर “वाइब्रेंट विलेज प्रोग्राम” और सामुदायिक सहभागिता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, ताकि सीमा क्षेत्रों में सुरक्षा और जनविश्वास दोनों को मजबूत किया जा सके।
पुलिस सप्ताह के जरिए विभाग न केवल अपनी कार्यप्रणाली को जनता के सामने रख रहा है, बल्कि समाज के साथ साझेदारी को नई दिशा देने का भी प्रयास कर रहा है।







