पूर्णिया GMCH में बवाल: मरीज की मौत के बाद डॉक्टरों पर हमला, इमरजेंसी वार्ड में जमकर तोड़फोड़
अस्पताल अधीक्षक डॉ. संजय कुमार के अनुसार, रीना देवी नाम की एक महिला को मृत अवस्था में अस्पताल लाया गया था। डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। इसके तुरंत बाद मरीज के परिजन और कुछ बाहरी लोग, जो पहले से ही लाठी-डंडों के साथ मौजूद थे, अचानक आक्रामक हो गए और ड्यूटी पर मौजूद डॉक्टरों पर हमला बोल दिया।
इस हमले में जूनियर डॉक्टर सुमित कुमार और मनीषा कुमारी समेत चार डॉक्टर घायल हो गए। इमरजेंसी वार्ड में भी जमकर तोड़फोड़ की गई, जिससे अस्पताल में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन तब तक हमलावर फरार हो चुके थे। बताया जा रहा है कि एक दिन पहले भी अस्पताल में इसी तरह का हंगामा हुआ था।
वहीं, आईएमए के सचिव डॉ. विकास कुमार ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि कुछ निजी अस्पतालों के दलाल इस तरह की घटनाओं को अंजाम दिलवा रहे हैं, ताकि सरकारी अस्पतालों की छवि खराब हो और मरीज निजी अस्पतालों की ओर जाएं।
घटना के बाद डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों में भारी आक्रोश है। उनका कहना है कि इस तरह की घटनाओं के बीच सुरक्षित माहौल में काम करना मुश्किल हो रहा है, जिससे स्वास्थ्य सेवाएं भी प्रभावित हो सकती हैं।
फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुट गई है और आरोपियों की पहचान कर कार्रवाई की बात कही जा रही है।







