रांची एयरपोर्ट पर इमरजेंसी हेल्थकेयर की नई शुरुआत, आधुनिक उपकरणों से लैस मेडिकल रूम का उद्घाटन कर बोले संजय सेठ- यात्रियों की सुरक्षा हमारी प्राथमिकता
Ranchi: रांची के बिरसा मुंडा एयरपोर्ट पर यात्रियों की सुविधा को बढ़ाते हुए 24 घंटे आपातकालीन चिकित्सा सेवा उपलब्ध कराने के लिए अत्याधुनिक मेडिकल रूम की शुरुआत की गई है. केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ ने भगवान महावीर मणिपाल हॉस्पिटल के सहयोग से स्थापित इस मेडिकल रूम का उद्घाटन किया.

इस मेडिकल रूम में अचानक तबीयत बिगड़ने की स्थिति में यात्रियों और एयरपोर्ट कर्मचारियों को तत्काल प्राथमिक उपचार मिलेगा. यहां आधुनिक चिकित्सा उपकरणों की व्यवस्था की गई है, साथ ही जरूरत पड़ने पर मरीजों को अस्पताल पहुंचाने के लिए एंबुलेंस सेवा भी उपलब्ध रहेगी. यह सुविधा चौबीसों घंटे संचालित होगी.

भगवान महावीर मणिपाल हॉस्पिटल, रांची की ओर से एयरपोर्ट के टर्मिनल भवन में अत्याधुनिक मेडिकल रूम की शुरुआत की गयी, जिसका उद्घाटन केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ ने किया. इस मेडिकल रूम के माध्यम से यात्रियों, एयरपोर्ट कर्मचारियों और सुरक्षा बलों को आवश्यकता पड़ने पर तत्काल प्राथमिक उपचार, आपातकालीन चिकित्सा सहायता तथा अन्य जरूरी स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करायी जायेंगी.
एयरपोर्ट पर 24×7 आपात चिकित्सा सुविधा
इसके साथ ही टर्मिनल भवन के बाहर वेंटिलेटर और अन्य जीवनरक्षक उपकरणों से लैस अत्याधुनिक एंबुलेंस भी तैनात की गयी है, जो प्रतिदिन सुबह सात बजे से लेकर अंतिम उड़ान के प्रस्थान तक उपलब्ध रहेगी. उद्घाटन के अवसर पर केंद्रीय मंत्री संजय सेठ ने कहा कि रांची एयरपोर्ट से प्रतिदिन बड़ी संख्या में यात्रियों का आवागमन होता है. ऐसे में किसी भी आपात स्थिति में त्वरित चिकित्सा सुविधा उपलब्ध होना अत्यंत आवश्यक है. उन्होंने कहा कि यह पहल यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा को नयी मजबूती देगी.
वहीं, भगवान महावीर मणिपाल हॉस्पिटल के डायरेक्टर आबिद तौकीर ने कहा कि अस्पताल का उद्देश्य गुणवत्तापूर्ण, सुलभ और समयबद्ध स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना है. एयरपोर्ट पर शुरू की गयी यह सुविधा जरूरतमंद यात्रियों को तत्काल चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने के साथ गंभीर स्थिति में बेहतर इलाज तक शीघ्र पहुंच सुनिश्चित करेगी.
केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ ने पत्रकारों से कहा कि एयरपोर्ट विस्तारीकरण में सबसे बड़ी बाधा जमीन का उपलब्ध नहीं होना है. इसके लिए राज्य सरकार गंभीर नहीं है. अगर एयरपोर्ट को जमीन मिल जाती है, तो कैट टू लाइटिंग, रनवे विस्तार, पार्किंग के लिए अधिक जगह उपलब्ध होगी. उन्होंने कहा कि टर्मिनल बिल्डिंग के चेकिंग एरिया का विस्तार किया जा रहा है, जो दिसंबर तक पूरा हो जायेगा. बिरसा मुंडा एयरपोर्ट से विमानों की संख्या में कमी पर श्री सेठ ने कहा कि मिडिल ईस्ट संकट के कारण यह अस्थायी तौर पर किया गया है. विमानन कंपनी नये विमानों की खरीद कर रही है. आनेवाले दिनों में और अधिक विमान रांची से उड़ान भरेंगे.







