लोकभवन में शपथ ग्रहण की सभी तैयारियाँ पूरी, अमिताभ कुमार गुप्ता संभालेंगे लोकायुक्त की बड़ी जिम्मेदारी...
Ranchi:राज्य को जल्द ही नया लोकायुक्त मिलने जा रहा है। वरिष्ठ न्यायिक अधिकारी अमिताभ कुमार गुप्ता के लोकायुक्त पद की शपथ ग्रहण को लेकर सभी तैयारियाँ पूरी कर ली गई हैं. शपथ ग्रहण समारोह राजधानी स्थित लोकभवन में आयोजित किया जाएगा, जहां राज्यपाल द्वारा उन्हें पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई जाएगी.
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लोकायुक्त के पदभार संभालते ही लंबे समय से अपेक्षाकृत निष्क्रिय रहा लोकायुक्त कार्यालय एक बार फिर सक्रिय होता नजर आएगा. भ्रष्टाचार से जुड़े मामलों, लंबित शिकायतों और नई याचिकाओं पर सुनवाई की प्रक्रिया तेज होने की उम्मीद जताई जा रही है. प्रशासनिक स्तर पर भी कार्यालय को पूरी तरह क्रियाशील करने के लिए अधिकारियों और कर्मचारियों को आवश्यक निर्देश दे दिए गए हैं.
लोकायुक्त कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार, नये लोकायुक्त के आगमन को लेकर तैयारियां पूरी की जा रही हैं. लोकायुक्त के पदभार ग्रहण के बाद सचिव पद पर नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू की जायेगी. जाहिर तौर पर करीब पांच वर्षों के बाद नये लोकायुक्त के आने के बाद यह कार्यालय गुलजार होगा.
लंबे समय से न्यायिक सेवा में योगदान देने वाले जस्टिस अमिताभ कुमार गुप्ता को त्वरित न्याय देने के लिए जाना जाता है. इससे पहले झारखंड राज्य विद्युत नियामक आयोग के अध्यक्ष रहे नवनियुक्त लोकायुक्त अमिताभ कुमार गुप्ता 1997 में न्यायिक सेवा में आए थे और संयुक्त बिहार के समय एडीजे के रूप में योगदान दिया था.
बहुचर्चित चारा घोटाला केस की सुनवाई करने वाले जस्टिस अमिताभ कुमार गुप्ता 2013 में झारखंड उच्च न्यायालय के जज बने थे और 30 मई 2021 को वहीं से सेवानिवृत्त हुए थे. इसके बाद आरआरडीए ट्रिब्यूनल के चेयरमैन के रूप में उन्होंने कार्य संभाला था. अब लोकायुक्त की जिम्मेदारी अगले पांच वर्षों तक वे संभालेंगे. नये लोकायुक्त के आने से जाहिर तौर सरकारी विभागों में भ्रष्टाचार के अब तक लंबित रहे करीब तीन हजार केसों की सुनवाई में तेजी आने की संभावना है.
जानिए कैसे होती है लोकायुक्त की नियुक्ति
लोकायुक्त एक संवैधानिक पद है, जिसकी नियुक्ति पांच वर्षों के लिए राज्यपाल द्वारा की जाती है.
लोकायुक्त की नियुक्ति के लिए मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में एक समिति बनाई जाती है. जिसमें उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश और विधानसभा में विपक्ष के नेता होते हैं.
समिति की अनुशंसा पर नामित शख्स को राज्यपाल या उनके द्वारा अधिकृत व्यक्ति के द्वारा पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई जाती है.
लोकायुक्त विहीन सरकार का यह आलीशान कार्यालय जस्टिस अमिताभ कुमार गुप्ता की नियुक्ति से अब गुलजार होने वाला है.
गौरतलब है कि राज्य के लोकायुक्त रहे जस्टिस डीएन उपाध्याय का कार्यकाल फरवरी 2022 तक था लेकिन कोरोना संक्रमित होने के बाद उनका असामयिक निधन 29 जून 2021 को दिल्ली एम्स में हो गया था. उनके निधन के बाद से झारखंड में लोकायुक्त का पद खाली था.







