महंगाई की मार: रामगढ़ में बस-टेम्पो किराया बढ़ाने पर विचार, भाड़ा बढ़ाने पर होगी बैठक
Ramgarh: रामगढ़ में डीजल और पेट्रोल की लगातार बढ़ती कीमतों ने आम लोगों के साथ-साथ परिवहन व्यवसायियों की चिंता बढ़ा दी है. ईंधन महंगा होने से बस, टेंपो और अन्य यात्री वाहनों के संचालन पर सीधा असर पड़ रहा है.
परिवहन संगठनों का कहना है कि मौजूदा हालात में पुराने भाड़े पर वाहनों का संचालन करना मुश्किल होता जा रहा है. डीजल-पेट्रोल के दाम बढ़ने से रखरखाव और संचालन लागत में इजाफा हुआ है, जिसकी भरपाई भाड़े में संशोधन के बिना संभव नहीं है. इसी को लेकर जल्द ही परिवहन संगठनों और संबंधित पक्षों की एक बैठक प्रस्तावित है. बैठक में भाड़ा बढ़ाने के मुद्दे पर विस्तार से चर्चा की जाएगी और उसके बाद आगे का निर्णय लिया जाएगा.

दो-तीन दिनों में होगी यूनियन की बैठक
रामगढ़ टैक्सी मेंस यूनियन के सचिव सह वरिष्ठ कांग्रेसी अरुण कुमार सिन्हा ने कहा कि डीजल-पेट्रोल की लगातार बढ़ती कीमतों के कारण भाड़ा बढ़ाने की स्थिति बन गई है. इसे लेकर अगले दो-तीन दिनों में यूनियन की बैठक आयोजित की जाएगी, जिसमें अलग-अलग रूटों के ट्रेकर और टेंपो चालक शामिल होंगे. उन्होंने कहा कि लगातार कीमत बढ़ने के बावजूद अब तक भाड़े में कोई बढ़ोतरी नहीं की गई थी, लेकिन पेट्रोल 105.90 रुपये और डीजल 101.03 रुपये प्रति लीटर होने से वाहन चालकों की लागत काफी बढ़ गई है.
मामूली भाड़ा वृद्धि पर होगा विचार
अरुण कुमार सिन्हा ने कहा कि यात्रियों पर कम असर पड़े, इसे ध्यान में रखते हुए मामूली भाड़ा वृद्धि पर विचार किया जाएगा. उन्होंने कहा कि डीजल-पेट्रोल की बढ़ती कीमतों से महंगाई बढ़ेगी और इसका सबसे अधिक असर गरीब और मध्यम वर्ग पर पड़ेगा. उन्होंने केंद्र सरकार से बढ़ी हुई कीमतें वापस लेने की मांग करते हुए कहा कि अगर ईंधन के दाम घटते हैं, तो यूनियन भी भाड़े में कमी करेगी.







