रविवार से झारखंड वालों को ठंड से मिलेगी राहत, कल देखना है कैसा होता है मौसम का मिज़ाज...
Jharkhand Weather: मौसम केंद्र, रांची की ओर से 17 जनवरी को जारी रिपोर्ट के मुताबिक पिछले 24 घंटों में सबसे कम पारा गुमला में रिकॉर्ड हुआ है. यहां का न्यूनतम तापमान 3.2 डिग्री रहा है...
Jan 17, 2026, 18:40 IST
Jharkhand Weather: झारखंड के मौसम में उतार-चढ़ाव का सिलसिला जारी है. इस बीच राहत भरी खबर आई है. रविवार से तापमान में बढ़ोतरी की संभावना है. इससे कंपाती ठंड से राहत मिलेगी. आने वाले दिनों में न्यूनतम पारा में 3-5 डिग्री तक बढ़ोतरी की संभावना है. फिलहाल ज्यादातर जिलों का न्यूनतम तापमान 10 डिग्री से नीचे है. वैसे मौसम केंद्र ने स्पष्ट किया है कि ऐसे मौसम में ठंड से बचाव को लेकर थोड़ी भी कोताही स्वास्थ्य के लिए परेशानी खड़ी कर सकती है.
न्यूनतम पारा में उतार चढ़ाव का दौर
मौसम केंद्र, रांची की ओर से 17 जनवरी को जारी रिपोर्ट के मुताबिक पिछले 24 घंटों में सबसे कम पारा गुमला में रिकॉर्ड हुआ है. यहां का न्यूनतम तापमान 3.2 डिग्री रहा है. न्यूनतम तापमान के मामले में खूंटी जिला दूसरे स्थान पर है. यहां का तापमान 4.3 डिग्री रहा है. इसके अलावा हजारीबाग में 4.9 डिग्री, डाल्टनगंज में 5.4 डिग्री, लोहरदगा में 5.5 डिग्री, रांची में 7.2 डिग्री, बोकारो में 7.2 डिग्री, सरायकेला में 8.1 डिग्री, चाईबासा में 8.6 डिग्री, पाकुड़ में 8.6 डिग्री, जमशेदपुर में 9.2 डिग्री और लातेहार में 9.4 डिग्री दर्ज हुआ है.
अधिकतम तापमान में सुधार
मौसम केंद्र के मुताबिक ज्यादातर जिलों के अधिकतम तापमान में सुधार देखने को मिला है. ऐसे सात जिले हैं, जहां का अधिकतम पारा 25 डिग्री या उससे ऊपर है. इनमें जमशेदपुर, डाल्टनगंज, बोकारो, चाईबासा, पाकुड़, सरायकेला और सिमडेगा जिला शामिल हैं. इसके अलावा अन्य जिलों का अधिकतम तापमान 25 डिग्री के नीचे है. सबसे ज्यादा लातेहार में ठंड महसूस की जा रही है. क्योंकि यहां के अधिकतम तापमान और न्यूनतम तापमान के बीच का गैप कम हो गया है. लातेहार का अधिकतम तापमान 18.3 डिग्री है तो न्यूनतम तापमान 9.4 डिग्री.
18 जनवरी को दिनभर मौसम शुष्क रहने की संभावना
मौसम केंद्र का कहना है कि रविवार यानी 18 जनवरी की सुबह राज्य में कहीं-कहीं हल्का कोहरा देखने को मिल सकता है. लेकिन दिनभर मौसम शुष्क रहेगा. अच्छी धूप निकलेगी. सब्जियों की फसल को पाले से बचाने के लिए खरपतवार या प्लास्टिक से ढंकना अच्छा रहेगा. ज्यादा ठंड की वजह से मवेशियों के बाड़े में अलाव जलाने के साथ-साथ जूट के बोरे ओढ़ाने की सलाह दी गई है. आलू की फसल को पाले से बचाने के लिए मेटा लेक्सिन और मेनको जैव के मिश्रण का छिड़काव जरूरी है.







