Sahibganj Flood: बाढ़ में फंसे स्कूल के बच्चे! स्कूल जाने की राह बनी मुसीबत, छुट्टी की मांग
Sahibganj: गंगा का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर बने रहने के कारण साहिबगंज शहर में बाढ़ का संकट लगातार गहराता जा रहा है। शहर के कई मोहल्लों की सड़कों पर पानी बह रहा है। इसका सीधा असर अब स्कूल जाने वाले बच्चों की दिनचर्या पर पड़ने लगा है। बाढ़ के पानी के बीच से होकर विद्यालय पहुंचने की मजबूरी ने अभिभावकों की चिंता बढ़ा दी है।
कई मोहल्लों में जलभराव, आवागमन प्रभावित
शहर के पूर्वी हिस्से के हबीबपुर, हरिपुर, कमलटोला, शास्त्रीनगर, बैसी स्थान, कबूतरखोपी और चानन समेत कई इलाकों में बाढ़ का पानी पहुंच चुका है।
वहीं पश्चिमी क्षेत्र के भारतीय कॉलोनी, तालबन्ना और रसुलपुर दहला समेत अन्य इलाकों में भी जलभराव से स्थिति प्रभावित है। कुछ स्कूलों के आसपास पानी पहुंचने की भी जानकारी सामने आई है।
छोटे बच्चों को सबसे ज्यादा परेशानी
बाढ़ के पानी के बीच बच्चों को स्कूल भेजना अभिभावकों के लिए बड़ी चुनौती बन गया है। कई स्थानों पर परिवारों को बच्चों को गोद में उठाकर पानी पार कराना पड़ रहा है।
कुछ इलाकों में स्कूल बस और अन्य स्कूली वाहनों का आवागमन भी प्रभावित हुआ है। ऐसे में अभिभावकों को बच्चों को मुख्य सड़क तक पहुंचाने के लिए अतिरिक्त परेशानी उठानी पड़ रही है।
पानी में चलने के कारण बच्चों के जूते-मोजे भीग जा रहे हैं, वहीं छोटे बच्चों और छात्राओं की सुरक्षा को लेकर परिवारों में चिंता बनी हुई है।
कई स्कूलों के विद्यार्थी प्रभावित
बाढ़ के कारण संत जेवियर स्कूल, सेंट जोसेफ स्कूल, माइकल स्कूल, सेंट्रल स्कूल, उत्क्रमित उच्च विद्यालय और नगर पालिका कन्या विद्यालय समेत कई शिक्षण संस्थानों के विद्यार्थियों को स्कूल आने-जाने में परेशानी हो रही है।
सबसे अधिक दिक्कत उन बच्चों को हो रही है जो बाढ़ प्रभावित मोहल्लों से विद्यालय पहुंचते हैं। छोटे बच्चों को पानी के बीच से होकर गुजरना पड़ रहा है, जिससे हादसे का खतरा भी बना हुआ है।
प्रशासन से स्कूल बंद करने की मांग
बाढ़ की गंभीर स्थिति को देखते हुए अभिभावकों और शहर के गणमान्य लोगों ने जिला प्रशासन से प्रभावित इलाकों के स्कूलों को तत्काल बंद करने की मांग की है।
अभिभावकों का कहना है कि जब विद्यालय तक पहुंचने वाली सड़कों पर बाढ़ का पानी बह रहा है, तो बच्चों को रोजाना इन्हीं रास्तों से भेजना उनकी सुरक्षा के साथ जोखिम है।
उन्होंने मांग की है कि स्थिति सामान्य होने तक बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के विद्यार्थियों और शिक्षकों को छुट्टी दी जाए, ताकि बच्चों को जान जोखिम में डालकर स्कूल नहीं जाना पड़े।
फिलहाल बाढ़ के कारण साहिबगंज के कई इलाकों में सामान्य जनजीवन प्रभावित है और स्कूली बच्चों की सुरक्षा को लेकर प्रशासन से तत्काल कदम उठाने की मांग तेज हो गई है।








