रांची में अतिक्रमण हटाओ अभियान पर बवाल! सड़क पर उतरे लोग, सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी
Ranchi: राजधानी रांची में मंगलवार को अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान जमकर हंगामा हुआ। सैटेलाइट चौक से राजद कार्यालय तक रांची नगर निगम और एचईसी की जमीन पर किए गए कथित अतिक्रमण को हटाने पहुंची टीम को स्थानीय लोगों के भारी विरोध का सामना करना पड़ा। कार्रवाई के दौरान एक दर्जन से अधिक घरों को तोड़े जाने के बाद लोगों का आक्रोश बढ़ गया और बड़ी संख्या में लोग सड़क पर उतर आए।
![]()
विरोध कर रहे लोगों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और कार्रवाई तत्काल रोकने की मांग की। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया। बाद में बुलडोजर को मौके से हटा लिया गया, जिसके बाद स्थिति कुछ शांत हुई।
JCB को लोगों ने घेरा, मशीन पर चढ़कर जताया विरोध
अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान प्रभावित परिवार अपने घरों से सामान निकालने में जुटे रहे। घर टूटते देख कई परिवारों ने घरेलू सामान को सड़क किनारे सुरक्षित स्थान पर रखना शुरू कर दिया।
इसी दौरान कार्रवाई का विरोध कर रहे लोगों ने JCB को चारों ओर से घेर लिया। कुछ प्रदर्शनकारी JCB पर भी चढ़ गए और कार्रवाई रोकने की मांग करने लगे। पुलिसकर्मियों ने लोगों को मशीन से नीचे उतारने की कोशिश की। इस दौरान पुलिस और स्थानीय लोगों के बीच तीखी बहस और तनातनी की स्थिति बन गई।

प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि उनकी समस्याओं का उचित समाधान किए बिना मकानों को तोड़ा जा रहा है।
बाईपास रोड पर प्रदर्शन, वाहनों की लगी लंबी कतार
अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के विरोध में बड़ी संख्या में लोगों के सड़क पर उतरने से यातायात व्यवस्था भी प्रभावित हुई। सैटेलाइट चौक से राजद कार्यालय की ओर जाने वाली बाईपास सड़क पर भीड़ जमा हो गई।
लोगों ने सड़क पर खड़े होकर सरकार के खिलाफ नारे लगाए और कार्रवाई रोकने की मांग की। इसके कारण सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई। यातायात सामान्य कराने के लिए पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी।
विधायक नवीन जायसवाल ने कार्रवाई पर उठाए सवाल
मामले की जानकारी मिलने के बाद हटिया विधायक नवीन जायसवाल भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने बारिश के मौसम में लोगों के घर तोड़े जाने का विरोध किया। विधायक ने कहा कि कार्रवाई से पहले प्रभावित परिवारों की समस्याओं और उनकी स्थिति पर भी ध्यान दिया जाना चाहिए।
उन्होंने बरसात के बीच परिवारों को बेघर किए जाने को लेकर सवाल उठाया और कार्रवाई के तरीके का विरोध किया। भाजपा के अन्य नेताओं ने भी मौके पर पहुंचकर प्रभावित लोगों से बातचीत की।
पार्षद नीलम गुप्ता ने भी जताया विरोध
अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के विरोध में स्थानीय पार्षद नीलम गुप्ता भी मौके पर पहुंचीं। उन्होंने प्रभावित परिवारों के पक्ष में आवाज उठाते हुए कार्रवाई का विरोध किया।
इस दौरान महिला पुलिसकर्मियों और प्रदर्शन कर रही महिलाओं के बीच तीखी कहासुनी भी हुई। नीलम गुप्ता ने आरोप लगाया कि गरीब और कमजोर परिवारों के मकानों को हटाया जा रहा है। उन्होंने सरकार से सवाल किया कि यदि विकास के लिए कार्रवाई की जा रही है, तो प्रभावित परिवारों के पुनर्वास और रहने की व्यवस्था कौन करेगा।
'फाइव स्टार होटल के लिए गरीबों के घर तोड़े जा रहे'
पार्षद नीलम गुप्ता ने आरोप लगाया कि गरीब परिवारों के मकान हटाने के पीछे फाइव स्टार होटल बनाने की योजना है। हालांकि, फाइव स्टार होटल बनाए जाने के इस आरोप की फिलहाल आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
उन्होंने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि एक तरफ गरीबों और महिलाओं के कल्याण की बात की जाती है, वहीं दूसरी ओर लोगों के घर तोड़े जा रहे हैं। उन्होंने प्रभावित परिवारों को तत्काल राहत देने की मांग की।
घर टूटने के बाद सामान बचाने में जुटे परिवार
अभियान के दौरान प्रभावित परिवार अपने जरूरी सामान को बचाने में जुटे रहे। कहीं घरेलू सामान सड़क किनारे रखा दिखाई दिया तो कहीं लोग टूटे मकानों से जरूरी सामान निकालते नजर आए।
स्थानीय लोगों का कहना है कि वे लंबे समय से यहां रह रहे हैं और अचानक हुई कार्रवाई से उनके सामने गंभीर संकट खड़ा हो गया है। उन्होंने प्रशासन से कार्रवाई पर पुनर्विचार करने और प्रभावित परिवारों के लिए राहत एवं पुनर्वास की व्यवस्था करने की मांग की।
प्रशासन ने बताया- अभियान जिला प्रशासन का
नगर प्रशासक सुशांत गौरव ने कहा कि अतिक्रमण हटाने का अभियान जिला प्रशासन की ओर से चलाया जा रहा है। जिला प्रशासन ने एचईसी क्षेत्र की जमीन से अतिक्रमण हटाने के लिए रांची नगर निगम से सहयोग मांगा था।
उन्होंने स्पष्ट किया कि नगर निगम की भूमिका अभियान में सहयोग देने तक सीमित है। निगम की ओर से अभियान के लिए जरूरी उपकरण उपलब्ध कराए गए हैं। एचईसी की जमीन पर अतिक्रमण कर रह रहे लोगों को हटाने का आग्रह जिला प्रशासन की ओर से किया गया था।
बुलडोजर हटने के बाद शांत हुआ माहौल
हंगामे और विरोध के बीच पुलिस बल मौके पर तैनात रहा। पुलिस अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को समझाने और सड़क से भीड़ हटाने का प्रयास किया। स्थिति को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस बल भी बुलाया गया।
फिलहाल बुलडोजर को मौके से हटा लिया गया है, जिसके बाद इलाके में स्थिति शांत हुई। प्रशासन और पुलिस पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए हैं। प्रभावित परिवारों की ओर से कार्रवाई के खिलाफ आगे भी विरोध की संभावना जताई जा रही है।







